
शांतिपूर्ण एवं सौहार्दपूर्ण दुर्गा पूजा को लेकर जिला प्रशासन अलर्ट, सोशल मीडिया के दुरुपयोग और अश्लील गानों पर होगी सख्त कार्रवाई।
अफवाह फैलाने वालों के विरुद्ध होगी विधि सम्मत कार्रवाई।
जिलाधिकारी एवं पुलिस अधीक्षक की संयुक्त अध्यक्षता में जिला शांति समिति की बैठक,
विधि-व्यवस्था बनाए रखने में आमजन से सहयोग की अपील
रिपोर्ट विशाल समाचार
स्थान सीतामढ़ी बिहार
सीतामढ़ी: दुर्गा पूजा–2026 का आयोजन शांतिपूर्ण, सौहार्दपूर्ण एवं आपसी भाईचारे के वातावरण में संपन्न कराने को लेकर जिला प्रशासन द्वारा सभी आवश्यक तैयारियां पूरी कर ली गई हैं। इसी क्रम में आज समाहरणालय स्थित परिचर्चा भवन में जिलाधिकारी एवं पुलिस अधीक्षक की संयुक्त अध्यक्षता में जिला शांति समिति की बैठक आयोजित की गई। बैठक में पूजा के दौरान विधि-व्यवस्था संधारण, सामाजिक सौहार्द बनाए रखने तथा असामाजिक तत्वों की गतिविधियों पर प्रभावी नियंत्रण को लेकर विस्तृत चर्चा की गई।
बैठक को संबोधित करते हुए जिलाधिकारी श्री तनय सुल्तानिया ने कहा कि दुर्गा पूजा आपसी सद्भाव, आस्था और सामाजिक एकजुटता का पर्व है। इसके शांतिपूर्ण एवं सफल आयोजन में शांति समिति के सदस्यों, पूजा समितियों तथा आम नागरिकों की अहम भूमिका है। उन्होंने पूर्व की भांति इस वर्ष भी सभी से सक्रिय सहयोग की अपेक्षा करते हुए कहा कि जिला प्रशासन शांतिपूर्ण आयोजन के लिए प्रतिबद्ध है। सामाजिक सौहार्द बिगाड़ने, अफवाह फैलाने अथवा विधि-व्यवस्था में बाधा उत्पन्न करने का प्रयास करने वाले तत्वों के विरुद्ध सख्त विधिसम्मत कार्रवाई की जाएगी।
जिलाधिकारी ने सोशल मीडिया के जिम्मेदाराना इस्तेमाल पर विशेष जोर देते हुए कहा कि किसी भी प्रकार की भ्रामक सूचना, आपत्तिजनक पोस्ट, विवादित टिप्पणी, फोटो, वीडियो अथवा ऑडियो के माध्यम से सामाजिक तनाव उत्पन्न करने की कोशिश बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने शांति समिति के सदस्यों एवं आम नागरिकों से सोशल मीडिया पर सतर्क नजर रखने तथा किसी भी भ्रामक या आपत्तिजनक सामग्री को बिना सत्यापन साझा नहीं करने की अपील की। अफवाह फैलाने एवं सोशल मीडिया का दुरुपयोग कर सामाजिक सौहार्द बिगाड़ने वालों को चिह्नित कर उनके विरुद्ध नियमानुसार कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
बैठक में ध्वनि विस्तारक यंत्रों के इस्तेमाल तथा सांस्कृतिक कार्यक्रमों को लेकर भी आवश्यक निर्देश दिए गए। डीजे के इस्तेमाल पर प्रतिबंध का अनुपालन सुनिश्चित करने तथा लाउडस्पीकर बजाने के लिए निर्धारित प्रक्रिया के तहत अनुमति लेना अनिवार्य बताया गया। पूजा एवं विसर्जन के दौरान अश्लील गाने बजाने, जातिगत या धार्मिक भावनाओं को आहत करने वाली टिप्पणियां करने तथा भड़काऊ सामग्री के प्रसारण पर सख्त कार्रवाई की जाएगी। ध्वनि विस्तारक यंत्रों के उपयोग में निर्धारित नियमों एवं प्रशासनिक निर्देशों का पालन करना होगा।
प्रशासन ने पूजा के दौरान नशे की हालत में उपद्रव करने, शांति भंग करने तथा सार्वजनिक व्यवस्था में बाधा उत्पन्न करने वाले व्यक्तियों के विरुद्ध भी सख्त कार्रवाई की चेतावनी दी। पूजा समितियों से अपने-अपने क्षेत्रों में अनुशासन बनाए रखने, निर्धारित नियमों का पालन करने तथा किसी भी अप्रिय स्थिति की सूचना तत्काल स्थानीय प्रशासन एवं पुलिस को देने की अपील की गई।
जिलाधिकारी तनय सुल्तानिया और पुलिस अधीक्षक अमित रंजन ने स्पष्ट किया कि दुर्गा पूजा के दौरान शांति, सुरक्षा और सामाजिक सौहार्द बनाए रखना जिला प्रशासन और पुलिस प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है। उन्होंने शांति समिति के सदस्यों से समाज में सद्भाव का संदेश प्रसारित करने तथा अफवाहों पर विराम लगाने में प्रशासन का सहयोग करने की अपील की, ताकि जिले में दुर्गा पूजा का पर्व शांतिपूर्ण, सुरक्षित एवं उल्लासपूर्ण वातावरण में संपन्न हो सके।
बैठक में अपर समाहर्ता संजीव कुमार, जिला प्रशासन एवं पुलिस प्रशासन के सभी वरीय पदाधिकारी,सभी थानाध्यक्ष,सभी अनुमंडल पदाधिकारी के साथ जिला शांति समिति के सदस्य और सामाजिक कार्यकर्ता एवं गणमान्य लोग उपस्थित थे।
विधि व्यवस्था संधारण के मद्देनजर स्थापित जिला नियंत्रण कक्ष–06226–250316



