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नरवाई के प्रबंधन में उन्नत एवं नई तकनीक का उपयोग किया जाए – मुख्य सचिव

नरवाई के प्रबंधन में उन्नत एवं नई तकनीक का उपयोग किया जाए – मुख्य सचिव

एसएमएस कटर का उपयोग न करने वाले हार्वेस्टर मालिकों पर कलेक्टर प्रभावी कार्रवाई करें

 

रिपोर्ट विशाल समाचार 

स्थान:मऊगंज मध्य प्रदेश 

मऊगंज . प्रदेश के मुख्य सचिव श्री अशोक वर्णवाल ने खरीफ फसल की तैयारी एवं नरवाई प्रबंधन के संबंध में वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से संभागीय कमिश्नर एवं कलेक्टर्स को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। मुख्य सचिव ने कहा कि प्रदेश में नरवाई जलाने के मामले में बढ़ोतरी हुई है। वहीं पंजाब एवं हरियाणा राज्य में नरवाई के प्रबंधन पर बेहतर कार्य किया गया है। उन्होंने प्रदेश के कई जिलों में बेतहाशा नरवाई जलाने की घटना पर चिंता व्यक्त करते हुए निर्देश दिए कि नरवाई जलाने की घटना की प्रभावी रोकथाम करें। हार्वेस्टर मालिकों को फसल कटाई के दौरान हार्वेस्टर में एसएमएस कटर अनिवार्य रूप से लगाने की समझाइश दें। एसएमएस कटर से नरवाई का सफाया होता है। फसल कटाई के दौरान हार्वेस्टर में एसएमएस कटर का उपयोग नहीं करने वाले हार्वेस्टर मालिकों पर प्रभावी कार्रवाई करना सुनिश्चित करें। नरवाई प्रबंधन में नई और उन्नत तकनीक का उपयोग करें।

 

 

मुख्य सचिव ने कहा कि नरवाई के उचित प्रबंधन के लिए प्रदेश के सभी जिले हैप्पी सीडर और सुपर सीडर यंत्र का उपयोग करें। कलेक्टर्स तीन माह में अपने-अपने जिले में सुपर सीडर एवं हैप्पी सीडर यंत्रों की संख्या बढ़ाएं, साथ ही हैप्पी सीडर और सुपर सीडर यंत्रों की संख्या बढ़ाने के लिए एक विशेष कार्य योजना बनाकर जिले पर विशेष फोकस करते हुए नरवाई का उचित प्रबंधन कराएं। कलेक्टर्स अपने-अपने जिले में टास्क फोर्स का गठन अनिवार्य रूप से कर लें। टास्क फोर्स में जनप्रतिनिधियों को भी शामिल करें। टास्क फोर्स के माध्यम से किसानों को नरवाई का उचित प्रबंधन करने की समझाइश दें।‌ हार्वेस्टर मालिकों के साथ भी बैठक कर हितग्राहियों से समन्वय स्थापित किये जाएं इससे नरवाई की प्रभावी रोक थम की जा सकती है। वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग में कलेक्ट्रेट कार्यालय के कलेक्टर कक्ष से कलेक्टर संजय कुमार जैन और अन्य विभागीय अधिकारी उपस्थित रहे।

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