
जल गंगा संरक्षण अभियान में सक्रिय भागीदारी निभाएं – कलेक्टर
समर्थन मूल्य पर गेंहू उपार्जन के लिए आवश्यक प्रबंध करें – कलेक्टर
रिपोर्ट :विशाल समाचार
स्थान:रीवा मध्य प्रदेश
रीवा . कलेक्ट्रेट के मोहन सभागार में आयोजित बैठक में कलेक्टर श्रीमती प्रतिभा पाल ने कहा कि जल संरक्षण और संवर्धन के लिए 30 जून तक जल गंगा संवर्धन अभियान चलाया जा रहा है। अभियान से जुड़े सभी विभागों के अधिकारी इसमें सक्रिय भागीदारी निभाएं। जल संरक्षण के कार्यों, जल जागरूकता के लिए किए जा रहे प्रयासों तथा अभियान की हर गतिविधि की प्रतिदिन रिपोर्ट पोर्टल पर दर्ज करें। जिले के व्हाट्सएप ग्रुप में भी प्रतिदिन फोटो और कार्यों का विवरण अनिवार्य रूप से दर्ज कराएं। जिला शिक्षा अधिकारी अभियान चलाकर सभी स्कूलों की पानी की टंकियों की साफ-सफाई कराएं। जनपद के मुख्य कार्यपालन अधिकारी जल संरक्षण के अधूरे कार्यों को पूरा कराकर पूर्णता प्रमाण पत्र पोर्टल में अपलोड कराएं। वन मण्डलाधिकारी वृक्षारोपण की तैयारी के साथ-साथ वन्य जीवों के पेयजल के लिए जल संरचनाओं का निर्माण कराएं।
कलेक्टर ने कहा कि कार्यपालन यंत्री जल संसाधन अभियान के दौरान नहरों से अतिक्रमण हटाने तथा साफ-सफाई की कार्यवाही करके फोटो अपलोड कराएं। अभियान के दौरान हैण्डपंपों में रिचार्ज पिट बनाने, शासकीय भवनों में वाटर हार्वेस्टिंग संरचना बनाने तथा जल संरक्षण के अन्य कार्य कराएं। उप संचालक कृषि तथा उद्यानिकी किसान संगोष्ठी के माध्यम से किसानों को स्प्रिंकलर तथा ड्रिप इरिगेशन के लिए प्रेरित करें। किसानों को कम सिंचाई में अधिक उत्पादन देने वाली फसलों की किस्मों की भी जानकारी दें। महिला एवं बाल विकास विभाग, उच्च शिक्षा विभाग, जन अभियान परिषद तथा अन्य विभाग भी जल गंगा संवर्धन अभियान में सहयोग करें। कलेक्टर ने कहा कि 15 अप्रैल से निर्धारित खरीदी केन्द्रों में समर्थन मूल्य पर गेंहू का उपार्जन शुरू हो जाएगा। सभी खरीदी केन्द्रों में बारदाने, गेंहू के भण्डारण, बारिश से बचाव, तौलकांटे, हम्माल आदि की पूरी व्यवस्था करें। किसानों के लिए भी पेयजल, छाया, शौचालय आदि की व्यवस्था करें। उपार्जित गेंहू का तीन दिन में किसानों को भुगतान की व्यवस्था करें।
कलेक्टर ने कहा कि जिले में खाद का पर्याप्त भण्डार है। किसानों को अब केवल ई टोकन से ही खाद का वितरण करें। आफलाइन खाद बेचने वाले दुकानदारों की दुकान सीज करें। महाप्रबंधक सहकारी बैंक आफलाइन खाद बेचने वाली सहकारी समितियों पर कार्रवाई करें। बैठक में कलेक्टर ने जनगणना के तैयारियों की समीक्षा करते हुए कहा कि जनगणना में तैनात कर्मचारियों को खण्ड स्तर पर प्रशिक्षण देने के लिए भवन चिन्हांकित करके आवश्यक व्यवस्थाएं करें। सभी चार्ज अधिकारी जनगणना ब्लाक बनाने तथा नक्शे तैयार करने की आफलाइन कार्यवाही कर लें। पोर्टल की तकनीकी बाधा दूर होने पर उसमें आवश्यक जानकारियाँ दर्ज कराएं। गुढ़ तहसील सहित जहाँ आवश्यक हो वहाँ जिले की मूलभूत जानकारी और मस्टर डाटा में संशोधन करा लें। सभी एसडीएम जनगणना तैयारियों की लगातार निगरानी करें।
बैठक में कलेक्टर ने कहा कि सीएम हेल्पलाइन में आवेदन पत्रों की संख्या लगातार बढ़ रही है। सभी अधिकारी तत्परता से आवेदन पत्रों का निराकरण करें। जिला आपूर्ति अधिकारी गैस वितरण से जुड़ी सभी शिकायतों का दो दिवस में निराकरण करके ऑनलाइन प्रतिवेदन दर्ज कराएं। अधीक्षण यंत्री एमपीईबी समाधान योजना का व्यापक प्रचार-प्रसार कराएं। सब स्टेशन स्तर पर शिविर लगाकर बिलों के भुगतान से संबंधी सभी शिकायतों का निराकरण कराएं। बिजली की नियमित आपूर्ति पर भी विशेष ध्यान दें। कार्यपालन यंत्री पीएचई तथा सभी सीएमओ पेयजल की आपूर्ति पर विशेष ध्यान दें। बंद हैण्डपंपों को चालू कराने के लिए अभियान चलाएं। पेयजल की आपूर्ति के लिए हैण्डपंपों में राइजर पाइप लगाने तथा सिंगल फेज पंप लगाने के कार्य भी तत्काल कराएं। सीएम हेल्पलाइन में पेयजल से जुड़ी शिकायतें लगातार बढ़ रही हैं। जिला प्रबंधक एमपीआरडीसी बायपास रोड में निर्माणाधीन पुल तथा क्षतिग्रस्त पुल के सुधार का कार्य 30 अप्रैल तक अनिवार्य रूप से पूरा कराएं। भारी वाहनों के लिए वैकल्पिक मार्गों की व्यवस्था सुनिश्चित करें।
बैठक में जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी मेहताब सिंह गुर्जर ने कहा कि सभी अधिकारी और कर्मचारी वर्तमान में चलाए जा रहे साधना सप्ताह में आईगॉट पोर्टल से कम से कम तीन प्रशिक्षण लेकर प्रमाण पत्र प्रस्तुत करें। जल गंगा संवर्धधन अभियान से जुड़ी गतिविधियों के फोटोग्राफ्स तथा विवरण प्रतिदिन जनसंपर्क कार्यालय को उपलब्ध कराएं एवं पोर्टल पर दर्ज करें। बैठक में आयुक्त नगर निगम डॉ. सौरभ सोनवणे, अपर कलेक्टर श्रीमती सपना त्रिपाठी, सभी एसडीएम, डिप्टी कलेक्टर आरके सिन्हा, डिप्टी कलेक्टर सुधीर बेक, प्रभारी वन मण्डलाधिकारी हितेश खण्डेलवाल, जनपद के मुख्य कार्यपालन अधिकारी, बीएमओ, बीईओ, परियोजना अधिकारी महिला एवं बाल विकास और अन्य संबंधित अधिकारी उपस्थित रहे।


