
घुमंतू समाज को मुख्यधारा से जोड़ना सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता – उप मुख्यमंत्री
अखिल भारतीय घुमंतू कार्य सम्मेलन संपन्न
रिपोर्ट विशाल समाचार
स्थान रीवा मध्य प्रदेश
रीवा . विमुक्त, अर्ध-विमुक्त एवं घुमंतू समाज को समाज की मुख्यधारा से जोड़ना राज्य सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है। उक्त बातें उप मुख्यमंत्री श्री राजेंद्र शुक्ल ने कृष्णा राजकपूर ऑडिटोरियम में घुमंतू विभाग रीवा द्वारा आयोजित अखिल भारतीय घुमंतू कार्य सम्मेलन में कही। सभा को संबोधित करते हुए उप मुख्यमंत्री श्री शुक्ल ने कहा कि घुमंतू समाज का भारत के गौरवशाली इतिहास और संस्कृति को सहेजने में अतुलनीय योगदान रहा है। मुगलों के खिलाफ युद्ध में यह समाज योद्धाओं के पीछे एक मजबूत दीवार बनकर खड़ा रहा।
पंडित दीनदयाल उपाध्याय जी के अंत्योदय दर्शन का उल्लेख करते हुए उप मुख्यमंत्री ने कहा कि जब तक समाज के अंतिम व्यक्ति तक सभी बुनियादी सुविधाएं नहीं पहुंच जातीं, तब तक हमारा मिशन अधूरा है। उन्होंने प्रशासनिक अधिकारियों को प्राथमिकता के आधार पर घुमंतू एवं अर्ध-घुमंतू परिवारों का पारदर्शी सर्वे व जनगणना, शिविर लगाकर पात्र नागरिकों के जाति प्रमाण पत्र जारी करने, भूमिहीन परिवारों को आवास हेतु पट्टा उपलब्ध कराने तथा पीएम आवास प्लस के तहत पक्के मकान की स्वीकृति पर त्वरित कार्रवाई के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि वे भोपाल स्थित मंत्रालय एवं जिला स्तर पर होने वाली नियमित समीक्षा बैठकों में घुमंतू कल्याण के एजेंडे की स्वयं मॉनिटरिंग करेंगे।
उप मुख्यमंत्री ने कहा कि सुदूर क्षेत्रों में नल से जल पहुंचाना और रीवा में टाटा कैंसर अस्पताल मुंबई की तर्ज पर कैंसर अस्पताल का निर्माण होना भारत की मजबूत होती अर्थव्यवस्था का प्रमाण है। उन्होंने कहा कि 21वीं सदी भारत की होगी और वैश्विक अशांति के दौर में भारत का एक आर्थिक व सांस्कृतिक महाशक्ति बनकर उभरना पूरे विश्व के कल्याण के लिए आवश्यक है। उप मुख्यमंत्री ने पूर्व प्रधानमंत्री स्व. अटल बिहारी वाजपेयी जी की पंक्तियों “आओ जलाएं दीप वहां, जहां अभी भी अंधेरा है ” के साथ वंचित वर्ग के उत्थान का संकल्प दोहराया।
कार्यक्रम में आयोजकों द्वारा अतिथियों का पारंपरिक स्वागत एवं स्मृति चिह्न भेंट कर सम्मान किया गया। कार्यक्रम में मनगवां विधायक इंजीनियर नरेंद्र प्रजापति, पूर्व मंत्री श्री पुष्पराज सिंह, वरिष्ठ सामाजिक विचारक एवं संगठन के प्रमुख प्रतिनिधि हरिनारायण जी, विभाग प्रचारक नाथू जी एवं दुर्गा लाल जी सहित स्थानीय जनप्रतिनिधि, वरिष्ठ प्रशासनिक अधिकारी एवं बड़ी संख्या में घुमंतू समाज के नागरिक उपस्थित रहे।


