पूणे

महिलाओं और युवाओं को स्वतंत्रता दी जाए तो वे कर्तृत्व साबित करते हैं: कांग्रेस के वरिष्ठ प्रवक्ता गोपालदादा तिवारी

महिलाओं और युवाओं को स्वतंत्रता दी जाए तो वे कर्तृत्व साबित करते हैं: कांग्रेस के वरिष्ठ प्रवक्ता गोपालदादा तिवारी

 

पुणे: भारत में लोकतांत्रिक व्यवस्था और बैंकों के राष्ट्रीयकरण के कारण भारत आज विकासशील देशों में शामिल है। हालांकि स्वतंत्रता के समय देश में साक्षरता का स्तर बहुत कम था। समय के साथ, राजीव गांधी के कार्यकाल में रोजगारपरक शिक्षा प्रणाली और कंप्यूटर व इंटरनेट क्रांति आई। इसी के माध्यम से डिजिटल इंडिया की नींव रखी गई।

 

इस परंपरा को देखते हुए कांग्रेस के वरिष्ठ प्रवक्ता गोपालदादा तिवारी ने कहा कि देश में यदि महिलाओं और युवाओं को स्वतंत्रता दी जाए तो वे अपना कर्तृत्व सिद्ध करते हैं।

 

वे यह बात उन एन.एम.डी. प्रा. लि. और एन.एम.डी. इन्फोटेक के आठवें स्थापना दिवस के अवसर पर कह रहे थे, जो किसानों के बच्चों को मुफ्त कंप्यूटर और सॉफ्टवेयर कौशल प्रशिक्षण प्रदान करते हैं। इस अवसर पर विधायक विक्रमसिंह पाचपुते, राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी की प्रवक्ता रुपाली ठोंबरे पाटील, श्रॉफ ग्रुप के मैनेजिंग डायरेक्टर और चेयरमैन जे.पी. श्रॉफ, वरिष्ठ पुलिस अधिकारी पी.आई. वाघमारे, एनएमडी ग्रुप के संस्थापक नवनाथ मोहन दरेकर, प्रशांत दरेकर सहित अन्य गणमान्य व्यक्ति उपस्थित थे।

 

आगे बोलते हुए गोपालदादा तिवारी ने कहा कि हाल ही में हुए सिंदूर ऑपरेशन में कर्नल सोफिया हों या यहां किसानों के बच्चों को सशक्त बनाने वाले नवनाथ दरेकर जैसे युवा, उन्होंने यह साबित किया है कि सामान्य किसान परिवारों के युवा भी अपने सपनों को आकार देने की क्षमता रखते हैं।

 

अभिनेत्री प्रार्थना बेहेरे ने कहा, “जब मैं अन्य राज्यों या विदेश जाती हूं, तब मराठी उद्यमी दिखाई नहीं देते। कहा जाता है कि मराठी व्यक्ति उद्यम या व्यवसाय नहीं कर सकता, लेकिन आज मुझे मराठी होने पर गर्व हो रहा है। आज यहां अलग ही सकारात्मक ऊर्जा महसूस हुई है।”

 

नवनाथ दरेकर ने कहा कि डिजिटल युग में काम करते हुए, सामाजिक जिम्मेदारी के तहत किसानों के बच्चों को मुफ्त कंप्यूटर और सॉफ्टवेयर प्रशिक्षण देना शुरू किया गया। इस दौरान कई किसान माता-पिता ने अपनी भावनाएं व्यक्त कीं, जिससे हमें यह भरोसा हुआ कि हम सही दिशा में काम कर रहे हैं। भविष्य में यह प्रयास रहेगा कि और अधिक किसानों के बच्चों को मदद का हाथ कैसे दिया जा सके।

 

प्रशांत दरेकर ने कहा कि नवनाथ ने अहिल्यानगर जिले के एक गाँव में शिक्षा प्राप्त की। आगे पुणे आकर उन्होंने मेहनत से अपना अलग स्थान बनाया और नाम कमाया। समाज को कुछ देने की भावना से उन्होंने किसानों के बच्चों के लिए मुफ्त तकनीकी प्रशिक्षण का अभिनव उपक्रम चलाया, जिससे हजारों परिवारों को आधार मिला। उन्होंने कामना की कि उनकी यह यात्रा आगे भी इसी तरह सफलतापूर्वक जारी रहे।

 

इस अवसर पर सफल छात्रों को विभिन्न पुरस्कारों से सम्मानित किया गया। कार्यक्रम का सूत्रसंचालन प्रतिभा पाटील ने किया।

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