
इटावा में सड़क सुरक्षा समिति की बैठक, 24 नए ब्लैक स्पॉट चिन्हित
रिपोर्ट :विशाल समाचार
स्थान: इटावा,उत्तर प्रदेश
इटावा, : वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक ब्रजेश कुमार श्रीवास्तव की अध्यक्षता में कलेक्ट्रेट स्थित नवीन सभागार में जिला सड़क सुरक्षा समिति की चौथी बैठक आयोजित की गई। बैठक में सड़क दुर्घटनाओं की रोकथाम और यातायात व्यवस्था को सुदृढ़ बनाने को लेकर विभिन्न महत्वपूर्ण बिंदुओं पर विस्तार से चर्चा हुई।
बैठक में बताया गया कि जनपद में 24 नए ब्लैक स्पॉट चिन्हित किए गए हैं, जहां दुर्घटनाएं अधिक होती हैं। बसेहर रोड से राष्ट्रीय राजमार्ग को जोड़ने वाले मार्गों पर तेज गति नियंत्रित करने के लिए स्पीड ब्रेकर और रोड साइन लगाने के निर्देश दिए गए। डीपीएस स्कूल के सामने पुल से उतरते समय प्रकाश व्यवस्था ठीक कराने के भी निर्देश दिए गए।
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक ने कहा कि जिले में सड़क दुर्घटनाओं की संख्या बढ़ी है, इसलिए संबंधित विभाग तय समय सीमा में सभी आवश्यक कार्य पूर्ण करें। भरथना चौराहा से फर्रुखाबाद रोड तक कैरिजवे को अवरोध मुक्त रखने, सर्विस रोड और मुख्य मार्ग के बीच डिवाइडर बनाने तथा सैफई-कानपुर मार्ग पर बने नाले को कवर करने के निर्देश दिए गए।
इटावा-बिधूना रोड के चितभवन क्षेत्र में पुल निर्माण लंबित होने के कारण लगने वाले जाम के समाधान के लिए आवश्यक कदम उठाने को कहा गया। वहीं चौपला रोड पर स्पीड टेबल और रम्बल स्ट्रिप बनाने पर भी जोर दिया गया।
अवैध पार्किंग की समस्या से निपटने के लिए जिले में 11 होल्डिंग प्वाइंट चिन्हित किए गए हैं। “नो हेलमेट, नो फ्यूल” अभियान को सख्ती से लागू करने और स्कूलों में जागरूकता कार्यक्रम चलाने के निर्देश भी दिए गए।
बैठक में “गोल्डन ऑवर” के महत्व पर भी चर्चा हुई। बताया गया कि दुर्घटना के बाद पहले 60 मिनट में इलाज मिलने पर जीवन बचने की संभावना अधिक रहती है। इस दौरान घायल को अस्पताल पहुंचाने वाले व्यक्ति को ₹25,000 का पुरस्कार दिया जाएगा। साथ ही प्रधानमंत्री राहत योजना के तहत घायलों के इलाज के लिए ₹1.50 लाख तक की सहायता उपलब्ध कराई जाएगी।
बैठक में एसपी सिटी अभयनाथ त्रिपाठी, नगर मजिस्ट्रेट राजेंद्र बहादुर, सभी क्षेत्राधिकारी, एआरटीओ प्रदीप देशमणि तथा लोक निर्माण विभाग सहित अन्य संबंधित अधिकारी मौजूद रहे।



