रीवा

मऊगंज जिले में भी एक अप्रैल से आरंभ होगा नया शिक्षा सत्र

मऊगंज जिले में भी एक अप्रैल से आरंभ होगा नया शिक्षा सत्र

अप्रवेशी बच्चों का घर-घर जाकर सर्वेक्षण करें – कलेक्टर

 

रीवा : मऊगंज जिले में आगामी एक अप्रैल से स्कूल शिक्षा विभाग का वर्ष 2025-26 का नया शिक्षा सत्र आरंभ हो रहा है। कलेक्टर संजय कुमार जैन ने शासकीय स्कूलों में नवीन शिक्षा सत्र के लिए आवश्यक व्यवस्थाएं सुनिश्चित करने के लिए आदेश जारी किए हैं। कलेक्टर ने कहा है कि जिला शिक्षा अधिकारी एवं जिला समन्वयक शिक्षा मिशन को नवीन शिक्षा सत्र के लिए आवश्यक व्यवस्थाएं सुनिश्चित करें। शाला जाने योग्य प्रत्येक बच्चे का शाला में अनिवार्य रूप से प्रवेश कराएं। अब तक कक्षा दो से लेकर कक्षा 11 तक जो विद्यार्थी दर्ज हैं उनका पूरा विवरण समग्र शिक्षा पोर्टल पर 31 मार्च तक अनिवार्य रूप से अपडेट कराएं। विकासखण्ड स्तर पर विद्यार्थियों एवं पालकों के साथ बैठक आयोजित करके एक अप्रैल से नवीन शिक्षा सत्र शुरू होने की जानकारी दें। स्थानीय संचार माध्यमों से भी इसका व्यापक प्रचार-प्रसार कराएं। शाला जाने योग्य प्रत्येक बच्चे का शाला में प्रवेश सुनिश्चित करने के लिए स्वयंसेवी संस्थाओं तथा आमजनता का भी पूरा सहयोग लें। मऊगंज जिले में स्कूल चलें हम अभियान अंतर्गत प्रवेशोत्सव कार्यक्रम के लिए जिला परियोजना समन्वयक जिला शिक्षा केन्द्र रीवा को प्रभारी अधिकारी नियुक्त किया गया है। मऊगंज का जिला स्तरीय कार्यक्रम एक अप्रैल को शासकीय उमावि कन्या मऊगंज में आयोजित होगा।

 

कलेक्टर ने कहा है कि शाला प्रबंधन समिति एवं पालकों की बैठक आयोजित करें। विद्यार्थी के अभिभावक से शिक्षा की गुणवत्ता में सुधार तथा विद्यार्थियों की शैक्षणिक स्थिति के संबंध में उपयोगी सुझाव प्राप्त करें। अभिभावकों को विद्यार्थी की शैक्षणिक प्रगति से भी अवगत कराएं। सभी शालाओं में एक अप्रैल को समारोह पूर्वक प्रवेश उत्सव का आयोजन करें। इस दिन विद्यार्थियों का परंपरागत तरीके से स्वागत करने के साथ प्राथमिक और माध्यमिक शालाओं में विशेष मध्यान्ह भोजन का भी आयोजन करें। प्राथमिक शाला के शिक्षक आंगनवाड़ी केन्द्र जाकर आंगनवाड़ी कार्यकर्ता से कक्षा एक में प्रवेश योग्य बच्चों की सूची प्राप्त करें। उनके अभिभावकों से संपर्क करके बच्चों का शाला में प्रवेश सुनिश्चित करें। बच्चे के कक्षा एक में प्रवेश के लिए आयु संबंधी प्रमाणीकरण के लिए जन्म प्रमाण पत्र, एएनएम के रजिस्टर तथा आंगनवाड़ी केन्द्र के रजिस्टर को भी आधार बनाएं। कक्षा एक से कक्षा 11वीं तक दर्ज विद्यार्थियों की सूची संबंधित शाला में उपलब्ध है। इसमें शामिल विद्यार्थियों को आगामी कक्षा में प्रवेश दिलाएं।

 

कलेक्टर ने कहा है कि सभी शाला भवनों में साफ-सफाई कराकर विद्यार्थियों के बैठने की समुचित व्यवस्था करें। शासन के प्रावधानों के अनुसार बालिका छात्रावासों में कक्षा आठवीं की बालिकाओं को प्रवेश दिलाएं। जनजातीय कार्य विभाग द्वारा संचालित छात्रावासों में भी विद्यार्थियों का समय पर प्रवेश सुनिश्चित करें। भारत सरकार द्वारा यू डाइस के माध्यम से शाला जाने योग्य प्रत्येक बच्चे की ट्रैकिंग की जा रही है। यू डाइस के तहत दर्ज सभी विद्यार्थियों को यूनिक कोड आवंटित किया गया है। इसके माध्यम से विद्यार्थियों के शाला में प्रवेश का सत्यापन करें। यदि यूनिक कोड प्राप्त विद्यार्थी किसी भी शाला में मैप नहीं है तो वह ड्राप बाक्स में चला जाएगा। प्रत्येक विद्यार्थी को उचित शाला में मैप करें। प्रवेशोत्सव के समय विद्यार्थियों को शासन की विभिन्न योजनाओं की जानकारी दें। उन्हें नि:शुल्क गणवेश, नि:शुल्क पाठ्य पुस्तक तथा साइकिल देने के लिए पात्रता के अनुसार आवेदन कराएं। छात्रवृत्ति के लिए भी विद्यार्थियों से समय पर आवेदन पत्र दर्ज करा दें।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button