मनरेगा योजना में गड़बड़ी उजागर – राशि वसूली और दोषियों पर कार्रवाई का आदेश
कुणाल किशोर सीतामढ़ी संवाददाता
जिला पदाधिकारी श्री रिची पांडेय ने मनरेगा योजना अंतर्गत स्वीकृत कार्यों में गंभीर अनियमितताओं को देखते हुए कठोर कार्रवाई करने का निर्देश दिया है।
परिवादी द्वारा दायर आवेदन पर जिला कल्याण अधिकारी की जांच में यह तथ्य सामने आया कि ग्राम पंचायत मोहनी मंडल, वार्ड संख्या–04, विशुन सिंह टोला में स्वीकृत 6 बकरी शेड, 1 मवेशी शेड और तालाब खुदाई कार्य में व्यापक गड़बड़ियां की गई हैं।
जांच प्रतिवेदन में पाया गया कि –
एक लाभार्थी ने बकरी शेड का निर्माण किए बिना ही राशि की निकासी कर ली।
शेष पाँच बकरी शेड मानक के अनुरूप नहीं बने और इनका निर्माण लाभुकों की जगह आपूर्तिकर्ता एवं बिचौलियों द्वारा कराया गया।
तालाब खुदाई कार्य में भी घोर लापरवाही व अनियमितता उजागर हुई।
जिला पदाधिकारी ने निर्देशित किया है कि –
1. अनिर्मित पशु शेड एवं तालाब खुदाई की राशि संबंधित लाभार्थियों से वसूल की जाए।
2. संबंधित दोषी कर्मियों को चिन्हित कर कठोर दंडात्मक कार्रवाई सुनिश्चित की जाए।
3. उप विकास आयुक्त विस्तृत प्रतिवेदन प्रस्तुत करें।
गौरतलब है कि 25 अगस्त 2025 को आयोजित जिला समन्वय समिति की बैठक में समीक्षा के दौरान ज्ञात हुआ कि मनरेगा योजनाओं से संबंधित कुल 61 परिवाद विभिन्न प्रखंडों से प्राप्त हुए हैं, जिनकी जांच लंबी अवधि बीत जाने के बावजूद अब तक उपलब्ध नहीं कराई गई है।
इसे गंभीरता से लेते हुए जिला पदाधिकारी ने सभी वरीय पदाधिकारियों को दिनांक 28 अगस्त 2025 तक अनिवार्य रूप से जांच प्रतिवेदन उपलब्ध कराने का सख्त निर्देश दिया है।



