
स्वरोजगार के सभी प्रकरणों का बैंकर्स निराकरण करें – श्री गुर्जर
रीवा विशाल समाचार. कलेक्ट्रेट के मोहन सभागार में आयोजित बैठक में जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी मेहताब सिंह गुर्जर ने कहा कि सभी बैंकर्स विभिन्न योजनाओं से बैंकों में दर्ज स्वरोजगार के प्रकरणों का निराकरण करें। प्रकरणों में यदि किसी तरह की कमी है तो उसकी पूर्ति कराकर प्रकरण मंजूर करें। बैंक में दर्ज होने के बाद 4 से 6 महीने तक स्वरोजगार प्रकरणों का लंबित रहना उचित नहीं है। प्रधानमंत्री विश्वकर्मा योजना के प्रकरण बड़ी संख्या में अमान्य किए गए हैं। समुचित कारण होने पर ही कारण अमान्य करें। यह योजना मुख्यमंत्री जी की सर्वोच्च प्राथमिकता की योजना है। इसमें आवेदन करने वाला प्रत्येक आवेदक किसी न किसी कार्य के लिए प्रशिक्षित होता है। उसे अपना रोजगार शुरू करने के लिए छोटी सी राशि की आवश्यकता होती है। बैंकर्स समय पर प्रकरण स्वीकृत और वितरित करके हजारों स्वरोजगारियों को आगे बढ़ने का अवसर दें।
मुख्य कार्यपालन अधिकारी ने कहा कि मुख्यमंत्री उद्यम क्रांति योजना की प्रगति भी संतोषजनक नहीं है। पिछले 6 माह में बहुत कम प्रकरण स्वीकृत किए गए हैं। इस योजना से भी बड़ी संख्या में आवेदन पत्र बैंकों में लंबित हैं। यूनियन बैंक आफ इंडिया, स्टेट बैंक आफ इंडिया तथा मध्यप्रदेश ग्रामीण बैंक तत्परता से प्रकरणों का निराकरण करें। इसी महीने संभागीय रोजगार मेले का आयोजन किया जा रहा है। इसमें अधिक से अधिक हितग्राहियों को ऋण राशि का वितरण कराएं। ग्रामीण आजीविका परियोजना से दर्ज 6087 प्रकरणों में से 5471 प्रकरण मंजूर किए गए हैं तथा 4237 में ऋण एवं अनुदान राशि वितरित की गई है। शेष प्रकरणों का भी स्वीकृति प्रदान कर ऋण वितरण कराएं। पशुपालन विभाग द्वारा भी दुग्ध उत्पादन से जुड़ी योजनाओं के प्रकरण बैंकों में दर्ज किए गए हैं। इनका निराकरण एक सप्ताह में सुनिश्चित करें। बैठक में उद्योग विभाग, जिला अन्त्यावसायी सहकारी समिति, नगर निगम, ग्राम उद्योग, जनजातीय कार्य विभाग तथा अन्य विभागों के बैंकों में दर्ज प्रकरणों के निराकरण की समीक्षा की गई। बैठक में अग्रणी बैंक प्रबंधक जगमोहन ने बताया कि सभी शाखा प्रबंधक लंबित प्रकरणों का 15 दिन में निराकरण कर देंगे। बैठक में जिला प्रबंधक उद्योग जेपी तिवारी, सीईओ अन्त्यावसायी सहकारी समिति, एसके पाठक, जिला समन्वयक आजीविका मिशन जीतेन्द्र सिंह तथा विभिन्न बैंकों के शाखा प्रबंधक उपस्थित रहे।

