
सीतामढ़ी में जिला अभियोजन कार्यालय भवन का भूमि पूजन, न्यायिक व्यवस्था को मिलेगी नई मजबूती
रिपोर्ट:विशाल समाचार संवाददाता
स्थान सीतामढ़ी बिहार
सीतामढ़ी। जिले में जिला अभियोजन कार्यालय भवन के निर्माण हेतु विधिवत भूमि पूजन किया गया। यह अवसर जिले की न्यायिक एवं अभियोजन व्यवस्था के सुदृढ़ीकरण की दिशा में एक ऐतिहासिक और महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। यह पहल माननीय मुख्यमंत्री श्री नीतीश कुमार की दूरदर्शी सोच और सुशासन के प्रति उनकी प्रतिबद्धता का परिणाम है, जिनके नेतृत्व में राज्य में न्यायिक सुधारों और आधारभूत संरचनाओं के विकास को निरंतर गति मिल रही है।
नए अभियोजन कार्यालय भवन के निर्माण से अभियोजन पदाधिकारियों एवं कर्मचारियों को बेहतर, सुरक्षित और आधुनिक कार्य वातावरण मिलेगा, जिससे उनके कार्यों की दक्षता में उल्लेखनीय वृद्धि होगी। लंबे समय से अभियोजन विभाग को एक समुचित और सुव्यवस्थित भवन की आवश्यकता महसूस की जा रही थी, जिसे अब मूर्त रूप दिया जा रहा है। भवन निर्माण के साथ ही न्यायालयों में मामलों की बेहतर पैरवी, डिजिटलीकरण और कानूनी प्रक्रियाओं के आधुनिकीकरण में सहायता मिलेगी। इससे न्याय प्रणाली और अभियोजन कार्यों के बीच बेहतर समन्वय स्थापित होगा, जो आम जनता को शीघ्र और निष्पक्ष न्याय दिलाने में सहायक सिद्ध होगा।
इस भवन का निर्माण कुल 1 करोड़ 41 लाख 75 हजार 109 रुपये की लागत से होगा। यह चार मंजिला अत्याधुनिक भवन होगा, जिसमें अभियोजन अधिकारियों के लिए समुचित कक्षों की व्यवस्था की जाएगी। इसके अतिरिक्त, भवन में महिलाओं और दिव्यांगजनों के लिए अलग शौचालय और दिव्यांगजन सुविधा हेतु रैम्प की विशेष व्यवस्था की गई है, जिससे समावेशी प्रशासनिक ढांचे को बढ़ावा मिलेगा। भवन में अत्याधुनिक लाइब्रेरी और डाटा सेंटर भी स्थापित किया जाएगा, जिससे अभियोजन पदाधिकारियों को कानूनी शोध, दस्तावेजों के सुरक्षित संधारण और डिजिटल रिकॉर्ड प्रबंधन में सहूलियत मिलेगी।
इस अवसर पर सीतामढ़ी जिला प्रशासन एवं अभियोजन विभाग की ओर से मुख्यमंत्री श्री नीतीश कुमार के प्रति आभार व्यक्त किया गया। उनके नेतृत्व में राज्य में सुशासन, पारदर्शिता और न्यायिक सुधारों को नई दिशा मिल रही है, जिसका लाभ सीधे आम नागरिकों तक पहुँच रहा है। प्रभारी मुख्य अभियोजक श्री रोहित कुमार ने कहा कि यह भवन न केवल अभियोजन विभाग के लिए बल्कि पूरे जिले की न्यायिक व्यवस्था के लिए एक मील का पत्थर साबित होगा।

