प्रशासनमध्य प्रदेशरीवा

पर्यावरण संरक्षण के साथ मनेगी स्वच्छ और स्वस्थ होली, कलेक्टर ने जारी किए निर्देश

पर्यावरण संरक्षण के साथ मनेगी स्वच्छ और स्वस्थ होली, कलेक्टर ने जारी किए निर्देश

सार्वजनिक होलिका दहन कार्यक्रमों का होगा नि:शुल्क पंजीयन 

होलिका दहन पर गौकाष्ठ और उपलों का होगा उपयोग

रिपोर्ट: विशाल समाचार

स्थान: रीवा मध्य प्रदेश

रीवा  जिले में इस वर्ष होली के पावन पर्व को पर्यावरण संरक्षण और सामाजिक संदेश के साथ मनाने का निर्णय लिया गया है। कलेक्टर श्रीमती प्रतिभा पाल द्वारा जारी आदेश के अनुसार, जिले में ‘स्वच्छ और स्वस्थ होली’ अभियान के तहत लकड़ी के स्थान पर ‘गौकाष्ठ’ (गाय के गोबर से बनी लकड़ी) और उपलों के उपयोग को बढ़ावा दिया जाएगा।

 

 

शासन की इस पहल का मुख्य उद्देश्य पर्यावरण को बचाना और पेड़ों की कटाई रोकना है। प्रशासन ने नागरिकों से अपील की है कि होलिका दहन के दौरान पारंपरिक लकड़ी का त्याग कर गौकाष्ठ और कण्डों का उपयोग करें। इसके साथ ही, प्राकृतिक एवं हर्बल रंगों के प्रयोग और पशु-पक्षियों पर रंग न डालने का संकल्प लेने के लिए भी प्रोत्साहित किया गया है। कलेक्टर ने जिले के सभी नगर पालिक निगमों, जनपद पंचायतों और नगरीय निकायों को निर्देश दिए हैं कि जिले के विभिन्न स्तरों पर आयोजित होने वाले सार्वजनिक होलिका दहन कार्यक्रमों का निःशुल्क पंजीयन जिला मुख्यालय, तहसील और नगरीय निकायों में कराएं। होलिका दहन के दिन मैदानी अमला आयोजन स्थलों का भ्रमण करेगा। यह सुनिश्चित किया जाएगा कि वहां जलाऊ या इमारती लकड़ी के स्थान पर गौकाष्ठ का उपयोग हो। इसका प्रमाणन भी संबंधित अधिकारियों द्वारा किया जाएगा। इस अभियान में पंचायत और पंचायती राज संस्थाओं को सक्रिय रूप से शामिल किया जाएगा। कलेक्टर ने इस बात पर जोर दिया है कि होली का त्योहार आपसी मतभेदों को मिटाकर भाईचारे, सामाजिक एकता और हर्षोल्लास के साथ मनाएं। हुड़दंग से दूर रहकर सुरक्षित तरीके से उत्सव मनाने के लिए व्यापक प्रचार-प्रसार के निर्देश भी दिए गए हैं।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button