
156 डीजे जब्त: सख्ती और संतुलन के बीच त्योहारों की कसौटी
रिपोर्ट: विशाल समाचार
स्थान: सीतामढ़ी बिहार
बिहार के सीतामढ़ी में होली से पहले जिला प्रशासन की सख्ती ने स्पष्ट संदेश दिया है कि उत्सव के नाम पर अराजकता बर्दाश्त नहीं की जाएगी। जिला पदाधिकारी रिची पाण्डेय के निर्देश पर चलाए गए सघन अभियान में 156 अवैध डीजे जब्त किए गए हैं। विद्यार्थियों, बुजुर्गों और महिलाओं से लगातार मिल रही शिकायतों को आधार बनाकर की गई यह कार्रवाई बताती है कि ध्वनि प्रदूषण केवल असुविधा नहीं, बल्कि सामाजिक स्वास्थ्य और कानून-व्यवस्था का मुद्दा भी है।
त्योहारों के दौरान शांति समिति की बैठकों, सेक्टर पेट्रोलिंग, दंडाधिकारियों की तैनाती और संयुक्त वाहन जांच अभियान से प्रशासन ने स्पष्ट कर दिया है कि नशे में वाहन चलाने, हुड़दंग, अफवाह फैलाने या जबरन रंग लगाने जैसी गतिविधियों पर कठोर कार्रवाई होगी। सोशल मीडिया पर भड़काऊ और अश्लील पोस्ट पर निगरानी तथा आईपीसी और आईटी एक्ट के तहत कार्रवाई की चेतावनी भी दी गई है। यह पहल इसलिए महत्वपूर्ण है क्योंकि आज अफवाहें सड़कों से ज्यादा तेजी से डिजिटल प्लेटफॉर्म पर फैलती हैं।
हालांकि, सख्ती के साथ संवाद भी उतना ही जरूरी है। पर्व-त्योहार सामाजिक सौहार्द के प्रतीक हैं; उनका स्वरूप भय और प्रतिबंधों से नहीं, जिम्मेदारी और सहभागिता से सुरक्षित रहता है। प्रशासन की जिम्मेदारी कानून-व्यवस्था बनाए रखना है, तो नागरिकों की जिम्मेदारी भी है कि वे शांति और भाईचारे का वातावरण कायम रखें। यदि सख्ती और संवेदनशीलता का यह संतुलन बना रहा, तो सीतामढ़ी न केवल शांतिपूर्ण होली का उदाहरण बनेगा, बल्कि सामुदायिक जिम्मेदारी की नई मिसाल भी पेश



