
इटावा पुलिस का बड़ा खुलासा: फर्जी लूट की साजिश का पर्दाफाश, 3 गिरफ्तार
रिपोर्ट: विशाल समाचार
स्थान: इटावा उत्तर प्रदेश
इटावा, : इटावा पुलिस ने फर्जी लूट/डकैती की एक सुनियोजित साजिश का पर्दाफाश करते हुए तीन अभियुक्तों को गिरफ्तार किया है। आरोपियों के कब्जे से लूट में बताए गए जेवरात और नकदी की शत-प्रतिशत बरामदगी भी कर ली गई है।
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक बृजेश कुमार श्रीवास्तव के निर्देशन में एसओजी/सर्विलांस टीम और थाना सिविल लाइन पुलिस ने संयुक्त कार्रवाई करते हुए इस मामले का खुलासा किया।
क्या था मामला?
02 अप्रैल 2026 को डायल 112 पर विशाल नामक व्यक्ति ने सूचना दी थी कि उसकी बहन डॉली अपने पति राजा के साथ भिंड जा रही थी, तभी लायन सफारी रोड स्थित केदारेश्वर मंदिर के पास अज्ञात बाइक सवारों ने उसके जेवर लूट लिए।
सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और जांच शुरू की। शुरुआती जांच में मामला संदिग्ध प्रतीत हुआ। गहन पूछताछ के बाद चौंकाने वाला खुलासा हुआ कि यह पूरी घटना एक साजिश थी।
ऐसे रची गई साजिश
पुलिस जांच में सामने आया कि डॉली ने अपने पिता दिलीप, भाई विशाल और चाचा सौरभ के साथ मिलकर अपने पति को गुमराह करने के लिए लूट की झूठी कहानी बनाई थी, ताकि ससुराल पक्ष से मिले जेवरात को हड़पा जा सके।
डॉली ने जेवरों से भरा बैग अपने पिता, भाई और चाचा को सौंप दिया था, जिसके बाद सभी ने मिलकर लूट का नाटक रचकर पुलिस को झूठी सूचना दी।
गिरफ्तारी और बरामदगी
पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए तीनों आरोपियों
विशाल (19 वर्ष)
दिलीप कुमार (40 वर्ष)
सौरभ (30 वर्ष)
को केदारेश्वर मंदिर के पास से गिरफ्तार कर लिया।
आरोपियों के कब्जे से चूड़ियां, मंगलसूत्र, अंगूठी, पायल, करधनी सहित सभी जेवरात और 650 रुपये नकद बरामद किए गए।
मामला दर्ज
इस संबंध में थाना सिविल लाइन में मु0अ0सं0 40/26 के तहत धारा 217, 221, 231, 61(2) बीएनएस में मुकदमा दर्ज किया गया है।
पुलिस टीम
इस कार्रवाई में प्रभारी निरीक्षक कण्व कुमार मिश्र, उपनिरीक्षक मंगल सिंह, कांस्टेबल पंकज कुमार और अजय कुमार की प्रमुख भूमिका रही।
पुलिस की अपील
इटावा पुलिस ने जनता से अपील की है कि किसी भी प्रकार की झूठी सूचना देकर पुलिस को गुमराह करना कानूनन अपराध है, ऐसे मामलों में सख्त कार्रवाई की जाएगी।


