
गेहूं खरीद, फार्मर रजिस्ट्री एवं जनगणना संबंधी महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई।
रिपोर्ट :विशाल समाचार
स्थान: इटावा,उत्तर प्रदेश
इटावा – जिलाधिकारी शुभ्रांत कुमार शुक्ल की अध्यक्षता में कलेक्ट्रेट स्थित सभागार में गेहूं खरीद, फार्मर रजिस्ट्री एवं जनगणना संबंधी महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई।
बैठक में जिलाधिकारी महोदय ने गेहूं खरीद की प्रगति की समीक्षा करते हुए निर्देश दिए कि गत वर्ष की तुलना में इस वर्ष खरीद की गति बढ़ाई जाए तथा लक्ष्य के अनुरूप कार्य किया जाए। गत वर्ष की तुलना में इस वर्ष गेहूं खरीद बहुत कम हुई है।उन्होंने कहा कि किसी भी खरीद केंद्र पर बोरों (बारदाना) की कमी नहीं होनी चाहिए और सभी केंद्रों पर पर्याप्त मात्रा में बारदाना उपलब्ध रहे। अनावश्यक होर्डिंग पर रोक लगाने के निर्देश देते हुए उन्होंने पीसीएफ को तेजी से कार्य करने के निर्देश दिए तथा बारदाने की उपलब्धता की स्थिति की जानकारी भी ली।
जिलाधिकारी महोदय ने स्पष्ट रूप से कहा कि किसी भी किसान को बिक्री केंद्र से फार्मर आईडी या अन्य कारणों से वापस न किया जाए। किसानों के हितों को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए उन्होंने निर्देश दिए कि पंजीकरण एवं सत्यापन की प्रक्रिया में कोई भी प्रकरण लंबित न रहे और समयबद्ध तरीके से सभी कार्य पूर्ण किए जाएं। उन्होंने अधिकारियों को किसानों से संवाद स्थापित करने एवं उनकी समस्याओं का त्वरित समाधान करने के निर्देश भी दिए।
फार्मर रजिस्ट्री की समीक्षा करते हुए जिलाधिकारी महोदय ने कहा कि जहां भी लंबित प्रकरण हैं, वहां विशेष अभियान चलाकर अधिक से अधिक फार्मर आईडी बनाई जाए। चकरनगर, सैफई, ताखा के नोडल अधिकारी फॉर्मर रजिस्ट्री बनने की व्यवस्था को और बेहतर करने के निर्देश भी दिए गए।
अन्नपूर्णा योजना वर्ष 2026-27 के अंतर्गत कार्ययोजना पर चर्चा करते हुए बताया गया कि सैफई , ताखा तहसील में 11 -11 दुकानों का निर्माण प्रस्तावित है, जबकि अन्य चार तहसीलों में 15-15 दुकानों का निर्माण कराया जाएगा। जिलाधिकारी महोदय ने निर्देश दिए कि कोटे की दुकानें ऐसे स्थानों पर बनाई जाएं जहां भूमि विवाद की स्थिति न हो तथा आवश्यकता के अनुसार गांवों का चयन सुनिश्चित किया जाए।
जनगणना कार्य की समीक्षा करते हुए जिलाधिकारी महोदय ने कहा कि जनगणना निदेशालय द्वारा निर्धारित समयसीमा के अनुरूप सभी कार्य पूर्ण किए जाएं। उन्होंने सभी उपजिलाधिकारियों को निर्देश दिए कि तहसील स्तर पर गुणवत्तापूर्ण प्रशिक्षण आयोजित कराएं तथा मास्टर ट्रेनरों के माध्यम से कर्मचारियों को प्रशिक्षित किया जाए। साथ ही जनगणना के लिए हेल्प डेस्क स्थापित करने, निर्धारित सिस्टम का पालन सुनिश्चित करने, विद्युत आपूर्ति की समुचित व्यवस्था करने एवं ऑडियो-वीडियो माध्यम से प्रशिक्षण/डेमो संचालित करने के निर्देश दिए।
जिलाधिकारी महोदय ने सभी संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया कि शासन की मंशा के अनुरूप पारदर्शिता एवं गुणवत्ता के साथ सभी कार्यों को समयबद्ध तरीके से पूर्ण करें, जिससे आमजन एवं किसानों को अधिकतम लाभ मिल सके।
उक्त बैठक में अपर जिलाधिकारी अभिनव रंजन श्रीवास्तव, उप कृषि निदेशक आर0एन0 सिंह, सभी उप जिला अधिकारी वीडियो कांफ्रेंस के द्वारा, जिला पूर्ति अधिकारी सीमा त्रिपाठी सहित संबंधित विभाग के अधिकारी उपस्थित रहे।
