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पशुपालकों से रखें जीवंत संपर्क, कृत्रिम गर्भाधान एवं वैक्सीनेशन का कार्य तय समय में करें पूर्ण – अपर कलेक्टर

पशुपालकों से रखें जीवंत संपर्क, कृत्रिम गर्भाधान एवं वैक्सीनेशन का कार्य तय समय में करें पूर्ण – अपर कलेक्टर

रिपोर्ट :विशाल समाचार 

स्थान:मऊगंज मध्यप्रदेश 

मऊगंज : अपर कलेक्टर पीके पांडेय ने पशुपालन व डेयरी विभाग की विभागीय समीक्षा बैठक में शासन की महत्वाकांक्षी योजनाओं की प्रगति समीक्षा करते हुए कृत्रिम गर्भाधान के लक्ष्य को पूरा करने के निर्देश पशु चिकित्सा अधिकारियों को दिए। उन्होंनें कहा कि पिछली तिमाही और आगामी तिमाही के लक्ष्यों को शीघ्रता से पूरा करें। उन्होंने कहा कि पशुपालन व डेयरी विभाग के समस्त कार्यों में नस्ल सुधार और पशुओं के दुग्ध उत्पादन में वृद्धि हेतु कृत्रिम गर्भाधान सबसे प्रमुख कार्य है, जिसमें किसी भी प्रकार की शिथिलता बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने सभी पशु चिकित्सा अधिकारियों और सहायक पशु चिकित्सा अधिकारियों को निर्देशित किया है कि वे दफ्तरों से बाहर निकलकर लगातार पशुपालकों के जीवंत संपर्क में रहें और पिछले तीन महीनों के शेष लक्ष्यों के साथ-साथ आगामी लक्ष्यों को समय सीमा में अनिवार्य रूप से पूर्ण करें।

 

 

पशुपालकों को आर्थिक रूप से सशक्त बनाने वाली डॉ. भीमराव अम्बेडकर कामधेनु योजना की समीक्षा करते हुए कहा कि बैंकों से निरंतर समन्वय स्थापित कर सभी लंबित प्रकरणों को निराकृत करने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा कि तकनीकी या अन्य कारणों से रिजेक्ट किए गए प्रकरणों को बैंक और आवेदक से आपसी समन्वय स्थापित कर पुनः प्रक्रिया में लाया जाए ताकि पात्र हितग्राहियों को योजना का लाभ मिल सके। गौशाला प्रबंधन को सुदृढ़ करने के उद्देश्य से उन्होंने कहा कि जिले की जिन भी गौशालाओं में चारे-भूसे के उचित प्रबंधन हेतु आवश्यकता हो, वहां तत्काल स्ट्रॉरीपर की व्यवस्था की जाए। इसके साथ ही, पशुओं को विभिन्न संक्रामक और घातक बीमारियों से बचाने के लिए जिले भर में लगातार वैक्सीनेशन (टीकाकरण) का कार्य लगातार चलाने के निर्देश दिए गए हैं, ताकि पशुधन सुरक्षित और स्वस्थ रह सके। बैठक में नगर परिषद के अध्यक्ष बृजवासी पटेल , जनपद पंचायत अध्यक्ष नीलम इन्द्रपाल सिंह, एसडीम मऊगंज एपी द्विवेदी, पशुपालन व डेयरी विभाग से उप संचालक डॉ. जे. एल. साकेत, पशु चिकित्सा अधिकारी डॉ. के.के. गुप्ता, सहायक पशु चिकित्सा क्षेत्र अधिकारी अन्य विभागीय अधिकारी उपस्थित थे ।

 

 

 

 

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