
आईसीआईसीआई प्रूडेंशियल लाइफ इंश्योरेंस ने परामर्शकों और वितरण भागीदारों की डिजिटल क्षमता बढ़ाने के लिए लॉन्च किया ‘आईसीआईसीआई लाइफ पार्टनर स्टैक 2.0’
एआई-आधारित विभिन्न किस्म के टूल से परामर्शकों (एडवाइज़र) को उत्पाद के संबंध में ग्राहकों की ज़रूरत के अनुरूप जानकारी (कोटेशन) देने में मदद मिलती है।
भागीदार प्रणाली के साथ बेहतर जुड़ाव से डिजिटल ग्राहक सेवा में मदद मिलती है और उपादकता बढ़ती है।
डेटाबेस एकीकरण से आवेदन फॉर्म का 70% तक हिस्सा पहले से भरा जा सकता है, जिससे ऑनबोर्डिंग आसान हो जाती है।
रिपोर्ट विशाल समाचार
स्थान पुणे महाराष्ट्र
पुणे,: आईसीआईसीआई प्रूडेंशियल लाइफ इंश्योरेंस ने 2026 में अपने पार्टनर स्टैक में नई क्षमताएं जोड़कर इसका उन्नयन किया है, जिसे ‘आईसीआईसीआई लाइफ पार्टनर स्टैक 2.0’ का नाम दिया गया है। इस स्टैक से एआई-आधारित टूल, भागीदार-प्रणाली के साथ बेहतर जुड़ाव और डिजिटल क्षमताओं के ज़रिये बिक्री, ऑनबोर्डिंग और ग्राहक सेवा के संबंध में कंपनी के परामर्शकों (एडवाइज़र) और वितरण नेटवर्क को सहायता मिलती है।
कंपनी इस उन्नयन के ज़रिये ग्राहकों की यात्रा आसान बनाना चाहती है। परामर्शक और वितरण भागीदार इसके माध्यम से उचित समाधान ढूंढ सकते हैं, कोटेशन तैयार कर सकते हैं, ग्राहक को शामिल (ऑनबोर्ड) कर सकते हैं और उन्हें डिजिटल तरीके से सेवा प्रदान कर सकते हैं। ईकोट (eQuote) ऐप, एआई आधारित प्रोडक्ट रेकोमेंडर के ज़रिये ग्राहक के खंड और जीवन के चरण के आधार पर उपयुक्त उत्पाद सुझाता है। साथ ही, यह एडवाइज़र को अपनी ज़रूरत के अनुरूप कोटेशन बनाने और साझा करने की सुविधा भी देता है। लिवा, एक एआई-आधारित चैटबॉट है जिससे संवाद में मदद मिलती है। इससे एडवाइज़र के लिए ग्राहकों से बातचीत करते समय उत्पाद की विशेषताओं और कोटेशन हासिल करना आसान हो जाता है।
आईसीआईसीआई प्रूडेंशियल लाइफ इंश्योरेंस के मुख्य वितरण अधिकारी, श्री अमिश बैंकर ने आईसीआईसीआई लाइफ पार्टनर स्टैक 2.0 पर अपनी टिप्पणी में कहा, “हमारे एडवाइज़र और वितरण भागीदार ग्राहक को जीवन बीमा समाधान समझने और बीमा लेने में उल्लेखनीय सहायता प्रदान करते हैं। आईसीआईसीआई लाइफ पार्टनर स्टैक 2.0 उन्हें डिजिटल और एआई-आधारित टूल प्रदान करता है, जिससे रोज़मर्रा के काम आसान होते हैं और ग्राहकों के लिए आसानी होती है – उचित उत्पाद ढूंढने तथा कोटेशन बनाने से लेकर ऑनबोर्डिंग और सर्विसिंग तक। इन क्षमताओं को भागीदार प्रणाली के साथ जोड़कर, हम प्रक्रिया को तेज़ और आसान बना रहे हैं ताकि हमारे भागीदार ग्राहक की ज़रूरतों को समझने और उन्हें पूरा करने पर ध्यान केंद्रित कर सकें।”
पार्टनर स्टैक 2.0, भागीदार प्रणाली के साथ बेहतर इंटीग्रेशन की सुविधा भी प्रदान करता है। भागीदार सीआरएम प्लेटफॉर्म के साथ इसके जुड़ाव (इंटीग्रेशन) से बेहतर ताल-मेल और ग्राहक के सफर को प्रबंधित करने में मदद मिलती है। एपीआई इंटीग्रेशन के ज़रिए, भागीदार अपने प्लेटफॉर्म से ग्राहक सेवा निवेदन (रिक्वेस्ट) भेज सकते हैं। आईसीआईसीआई प्रूडेंशियल लाइफ इंश्योरेंस, इन रिक्वेस्ट पर पहल करती है और स्टेटस अपडेट को डिजिटल स्वरूप में साझा किया जाता है। समूह भागीदार भी एपीआई सेवाओं के ज़रिये सदस्य का विवरण भेज सकते हैं, दावा पेश कर सकते हैं और सेवा से जुड़ी ज़रूरतें बता सकते हैं।
नए बनाए गए रिटेल और ग्रुप भागीदार पोर्टल से भागीदार को ग्राहक की जानकारी, रिपोर्ट, भुगतान की जानकारी और अन्य सेवाओं तक पहुंच मिलती है। ऑनबोर्डिंग आसान बनाने के लिए, पार्टनर स्टैक को कई राष्ट्रीय डेटाबेस के साथ जोड़ा गया है, जिनमें आधार के लिए यूआईडीएआई, सीकेवायसी के लिए सीईआरएसएआई, आईडीवी के लिए वाहन, जीएसटीएन, ईपीएफओ, सीएएस और पर्फियोस शामिल हैं। इन इंटीग्रेशन से आवेदन (एप्लीकेशन) फॉर्म का 70% हिस्सा पहले से भरा जा सकता है, जिससे केवायसी और आय से जुड़े

