
“मेरा रेशम मेरा अभिमान” अभियान अंतर्गत आंबेगांव में रेशम कार्यशाला सम्पन्न
पुणे भारत सरकार के केंद्रीय रेशम बोर्ड के “मेरा रेशम मेरा अभिमान” अभियान के तहत जिला रेशम कार्यालय, पुणे और केंद्रीय रेशम बोर्ड, बारामती के संयुक्त तत्वावधान में आंबेगांव में एक दिवसीय रेशम कार्यशाला का आयोजन किया गया। इस कार्यशाला की अध्यक्षता आंबेगांव गटविकास अधिकारी श्रीमती अर्चना कोल्हे ने की।
कार्यक्रम में केंद्रीय रेशम बोर्ड, बारामती के डॉ. सुनील राठौड़, श्रीमती नीता डांग, जिला रेशम कार्यालय के रेशम विकास अधिकारी संजय फुले, आंबेगांव तालुका के रेशम समूह प्रमुख आर. टी. पाटिल, ग्रामपंचायत अधिकारी संघ अध्यक्ष अनिल टेमकर, ग्रामरोजगार सहायक संघ अध्यक्ष सचिन पवार और सहायक कार्यक्रम अधिकारी श्रीमती पुष्पलता डोके उपस्थित रहे।
डॉ. राठौड़ ने रेशम खेती का इतिहास, प्रकार, उत्पादन पद्धति, शहतूत की खेती, कीट पालन, कोष उत्पादन और विक्रय संबंधी विस्तृत जानकारी पीपीटी प्रस्तुति के माध्यम से दी और किसानों के प्रश्नों का समाधान किया। रेशम विकास अधिकारी संजय फुले ने शासन की विभिन्न रेशम योजनाओं की जानकारी प्रदान की।
अवसर पर श्रीमती अर्चना कोल्हे ने कहा कि आंबेगांव तालुका में रेशम उद्योग की अपार संभावनाएं हैं और शासन की ओर से अनुदान भी उपलब्ध है, इसलिए किसानों को रेशम खेती की ओर आगे आना चाहिए।
इस कार्यशाला के सफल आयोजन में आंबेगांव तालुका के तहसीलदार श्री संजय नागटिळक का विशेष सहयोग प्राप्त हुआ।



