
उत्तर प्रदेश में बिजली उत्पादन और हरित ऊर्जा के क्षेत्र में ऐतिहासिक उपलब्धियां — ऊर्जा मंत्री ए.के. शर्मा
लखनऊ विशाल समाचार संवाददाता
लखनऊ: उत्तर प्रदेश विधान मंडल के मानसून सत्र में नगर विकास एवं ऊर्जा मंत्री श्री ए.के. शर्मा ने विपक्ष के सवालों का तथ्यों के साथ जवाब देते हुए प्रदेश में बिजली उत्पादन, आपूर्ति, अवसंरचना विस्तार और हरित ऊर्जा के क्षेत्र में हुई ऐतिहासिक प्रगति की जानकारी दी। उन्होंने कहा कि माननीय प्रधानमंत्री जी के नेतृत्व में पहली बार भारत ऊर्जा के मामले में आत्मनिर्भर हुआ है और डबल इंजन की यूपी सरकार “नए भारत का नया यूपी” बनाने के लिए प्रतिबद्ध है।
मंत्री ने बताया कि 2017 से पहले बिजली आपूर्ति की स्थिति बेहद खराब थी, परंतु बीते सात वर्षों में इसमें क्रांतिकारी सुधार हुआ है। प्रदेश लगातार तीन वर्षों से देश में सबसे अधिक विद्युत आपूर्ति करने वाला राज्य है। 2017 की तुलना में आज दोगुने से अधिक उपभोक्ताओं को बिजली दी जा रही है, 1.50 लाख से अधिक मजरों का विद्युतीकरण हुआ है, और बिजली उत्पादन क्षमता 5160 मेगावाट से बढ़कर 9120 मेगावाट हो गई है। सभी स्रोतों से विद्युत उपलब्धता 11803 मेगावाट से बढ़कर 20038 मेगावाट हो गई है।

ट्रांसमिशन और डिस्ट्रीब्यूशन क्षेत्र में भी रिकॉर्ड वृद्धि दर्ज की गई है — बड़े उपकेंद्रों की क्षमता 39000 MVA से बढ़कर 2 लाख MVA, हाई वोल्टेज लाइनें 33 हजार सर्किट किमी से बढ़कर 58 हजार सर्किट किमी, 1.59 लाख किमी जर्जर तार बदले गए, और 29 लाख खंभे नए लगाए गए। अब बिजली हर गांव, हर नगर, हर प्रतिष्ठान तक निरंतर पहुंच रही है।
मंत्री ने हरित ऊर्जा के प्रयासों पर भी जोर देते हुए कहा कि किसान को अन्न उत्पादक से सौर ऊर्जा उत्पादक बनाने, गोबर, पराली व शहरी कचरे से बायोगैस और वेस्ट टू एनर्जी उत्पादन, तथा ग्रीन कॉरिडोर के विकास पर कार्य तेजी से जारी है। यूपी ने RDSS, CBG-23 TDP और ग्रीन कॉरिडोर में देश में प्रथम स्थान प्राप्त किया है।
उन्होंने विपक्ष पर बिजली निजीकरण जैसे मुद्दों पर जनता को भ्रमित करने का आरोप लगाते हुए कहा कि भाजपा सरकार उत्पादन, आपूर्ति और हरित ऊर्जा क्षमता बढ़ाने के साथ जनता को 24×7 गुणवत्तापूर्ण बिजली उपलब्ध कराने के लिए निरंतर कार्य कर रही है। मंत्री ने आश्वस्त किया कि ईश्वर की कृपा और जनता के आशीर्वाद से इस कार्य को और तेज गति से आगे बढ़ाया जाएगा।


