पूणे

आर्टी’ और COEP अभियांत्रिकी विश्वविद्यालय ने पुणे में आयोजित की ‘अभियंता-उद्योजक कार्यशाला’, उद्योगरत्न पुरस्कारों से नवाजी गई प्रतिभाएं

आर्टी’ और COEP अभियांत्रिकी विश्वविद्यालय ने पुणे में आयोजित की ‘अभियंता-उद्योजक कार्यशाला’, उद्योगरत्न पुरस्कारों से नवाजी गई प्रतिभाएं

 

पुणे (मोहन सिंह तोमर) – अण्णाभाऊ साठे अनुसंधान और प्रशिक्षण संस्था (ARTI), मुंबई तथा डॉ. बाबासाहेब आंबेडकर अनुसंधान व प्रशिक्षण संस्था (BARTI), पुणे के संयुक्त तत्वावधान में पुणे के COEP सभागृह में शनिवार (20 सितम्बर) को ‘अभियंता-उद्योजक कार्यशाला’ का आयोजन बड़े उत्साह के साथ सम्पन्न हुआ।

 

कार्यशाला का उद्देश्य नवयुवाओं को उद्यमिता की दिशा में प्रेरित करना और उन्हें मार्गदर्शन प्रदान करना था। ARTI के प्रबंध संचालक एवं BARTI के महासंचालक सुनील वारे ने कहा,

“उद्यमिता केवल एक आंदोलन नहीं है, बल्कि प्रेरणा देने की प्रक्रिया है। ऐसी कार्यशालाएं युवाओं को अपने व्यवसाय की शुरुआत और विस्तार के लिए आवश्यक मार्गदर्शन प्रदान करती हैं।”

 

कार्यशाला में प्रमुख अतिथि के रूप में डॉ. प्रकाश धोका, महाराष्ट्र उद्योग विकास महामंडळ (MCED) के कार्यकारी संचालक विक्रांत बगाडे, मुरलीधर झोंबाडे, अनिल सौंदाडे, राजेंद्र साळवे, महाराष्ट्र राज्य सूचना प्रौद्योगिकी विभाग के संचालक प्रो. डॉ. प्रदीप देशमुख, आमदार अमित गोरखे, माजी आयुक्त मधुकर गायकवाड सहित अन्य गणमान्य उपस्थित थे।

 

कार्यशाला में मातंग समाज के अभियंता और नवउद्यमियों ने अपने अनुभव साझा किए और विभिन्न प्रश्न उपस्थित किए। मातंग बिज़नेस एसोसिएशन के विशेषज्ञ उद्यमियों ने इन प्रश्नों का समाधान किया और सहयोग का आश्वासन दिया।

 

मान्यवरों का स्वागत अण्णाभाऊ साठे की प्रतिमा पर शाल, श्रीफळ और पुष्पगुच्छ अर्पित करके किया गया। इंदिरा अस्वार ने प्रास्ताविक प्रस्तुत किया और महासंचालक सुनील वारे ने धन्यवाद ज्ञापित किया।

 

उद्योगरत्न पुरस्कारों से नवाजी गई प्रतिभाएं

 

कार्यशाला में अपने परिश्रम और योगदान के लिए विभिन्न उद्यमियों को उद्योगरत्न पुरस्कार से सम्मानित किया गया। सम्मानित उद्यमियों में आनंद कांबळे, अनिल और निलेश सौंदाडे, राजेंद्र साळवे, संतोष कवळे, महेंद्र तुपसुंदर, प्रदीप देशमुख, प्रसाद कांबळे, सतिष कसबे, विनायक मोहिते, विजय गायकवाड, डॉ. भक्ती वारे, अश्विनी गोठे, क्रांतीचंद्र भावे, राजेंद्र दणके शामिल थे।

 

इस कार्यशाला ने युवा अभियंताओं और उद्यमियों को मार्गदर्शन, प्रेरणा और नेटवर्किंग का अवसर प्रदान किया, साथ ही उन्हें उनके कड़ी मेहनत और योगदान के लिए सम्मानित भी किया।

 

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