
बुलियन निवेश कम करने की अपील, राष्ट्रहित में व्यापारियों ने दिया सहयोग का भरोसा
इटावा में जिलाधिकारी और एसएसपी की मौजूदगी में सर्राफा व्यापारियों के साथ महत्वपूर्ण बैठक
रिपोर्ट: विशाल समाचार
स्थान: इटावा उत्तर प्रदेश
Etawah, देशहित में प्रधानमंत्री Narendra Modi के आह्वान तथा उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री Yogi Adityanath के निर्देशों के अनुपालन में मंगलवार को कलेक्ट्रेट स्थित नवीन सभागार में जिलाधिकारी की अध्यक्षता एवं वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक की उपस्थिति में महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। बैठक में राज्य कर विभाग के अधिकारियों, सर्राफा एसोसिएशन के पदाधिकारियों, बुलियन व्यापारियों तथा स्थानीय स्वर्ण-रजत व्यवसायियों ने भाग लिया।
बैठक का मुख्य उद्देश्य वर्तमान वैश्विक परिस्थितियों के मद्देनजर देश की अर्थव्यवस्था को मजबूत बनाना, विदेशी मुद्रा भंडार पर बढ़ रहे दबाव को कम करना तथा सोने के आयात में संतुलन स्थापित करना रहा। जिलाधिकारी ने व्यापारियों को बताया कि भारत विश्व के सबसे बड़े स्वर्ण आयातक देशों में शामिल है और प्रतिवर्ष बड़ी मात्रा में विदेशी मुद्रा सोने के आयात पर खर्च होती है। अंतरराष्ट्रीय स्तर पर युद्ध और वैश्विक अस्थिरता के कारण डॉलर की मांग तथा आयात लागत बढ़ने से देश के विदेशी मुद्रा भंडार पर अतिरिक्त दबाव पड़ रहा है।
उन्होंने कहा कि वर्तमान समय में सोने की कीमतों में लगातार वृद्धि हो रही है, जिसका सीधा असर आम उपभोक्ताओं पर भी पड़ रहा है। ऐसी स्थिति में यदि बुलियन यानी सोने-चांदी के बार और बिस्कुट की अनावश्यक खरीद-बिक्री को सीमित किया जाए तो विदेशी मुद्रा की बचत के साथ देश की आर्थिक स्थिति को मजबूती मिल सकती है।
बैठक में व्यापारियों द्वारा नए आभूषणों की खरीद को लेकर बाजार में फैले भ्रम की जानकारी दी गई। इस पर अपर आयुक्त राज्य कर, इटावा जोन ने स्पष्ट किया कि सरकार की अपील केवल बुलियन की खरीद-बिक्री को हतोत्साहित करने के लिए है, न कि आभूषण निर्माण और बिक्री को रोकने के लिए। उन्होंने कहा कि जब सोना खरीदकर लॉकर या तिजोरी में रख दिया जाता है तो वह अर्थव्यवस्था से बाहर हो जाता है, जिसे अर्थशास्त्र में “डेड इनवेस्टमेंट” कहा जाता है। यदि पुराने आभूषणों को गलाकर नए आभूषण बनाए जाएं तो व्यापार और रोजगार दोनों पर कोई प्रतिकूल प्रभाव नहीं पड़ेगा तथा आर्थिक गतिविधियां भी जारी रहेंगी।
सर्राफा व्यापारियों और एसोसिएशन के प्रतिनिधियों ने प्रशासन की अपील का समर्थन करते हुए राष्ट्रहित में पूर्ण सहयोग का भरोसा दिया। व्यापारियों ने बताया कि इटावा में अधिकांश कारोबार पुराने आभूषणों के बदले नए आभूषण खरीदने-बेचने पर आधारित है तथा स्थानीय स्तर पर बड़े पैमाने पर बुलियन व्यापार नहीं किया जाता।
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक ने व्यापारियों को आश्वस्त किया कि प्रशासन द्वारा व्यापारिक गतिविधियों के सुचारु संचालन, सुरक्षा व्यवस्था तथा आवश्यक सुविधाओं को प्राथमिकता दी जाएगी। बैठक के अंत में उपस्थित व्यापारियों ने संकल्प लिया कि अंतरराष्ट्रीय परिस्थितियों के सामान्य होने तक वे प्रधानमंत्री और मुख्यमंत्री की अपील के अनुरूप कार्य करते हुए राष्ट्रहित में पूर्ण सहयोग प्रदान करेंगे।
बैठक में अपर आयुक्त ग्रेड-2 एस.एम. सिंह, संयुक्त आयुक्त बी.पी. सिंह, संतोष कुमार वर्मा, अधिवक्ता विवेक स्वरूप अग्रवाल, एच.एन. सिंह तथा सर्राफा एसोसिएशन के श्याम सिंह वर्मा, रणवीर सिंह वर्मा, ओमकार प्रसाद मथुरिया, हरीश जौहरी, पारस जैन सहित अन्य व्यापारी उपस्थित रहे।

