
मौसमीय आपदा से प्रभावित औद्यानिक फसलों की क्षतिपूर्ति में तेजी लायी जाए
पात्र कृषकों को योजनाओं का अधिकतम लाभ पहुंचाने के लिए जनपद स्तर पर प्रचार-प्रसार किया जाए
रिपोर्ट:विशाल समाचार
स्थान: लखनऊ उत्तर प्रदेश
प्रदेश के उद्यान, कृषि विपणन, कृषि विदेश व्यापार एवं कृषि निर्यात राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) दिनेश प्रताप सिंह ने मंगलवार को उद्यान निदेशालय, लखनऊ में समस्त विभागीय अधिकारियों के साथ वर्चुअल तथा शासन एवं निदेशालय के वरिष्ठ अधिकारियों के साथ भौतिक रूप से समीक्षा बैठक की। बैठक विभिन्न मौसमीय घटकों से औद्यानिक फसलों को हुए नुकसान की आपदा राहत प्रबंधन के अंतर्गत क्षतिपूर्ति कराए जाने के संबंध में आयोजित की गई।
बैठक में मंत्री ने निर्देश दिए कि मौसमीय घटकों से प्रभावित औद्यानिक फसलों एवं बागों का शीघ्र आकलन करते हुए आपदा राहत प्रबंधन से संबंधित शासनादेशों के अंतर्गत जिला अधिकारियों के माध्यम से कृषकों को क्षतिपूर्ति दिलाने हेतु आवश्यक प्रस्ताव तत्काल प्रेषित किए जाएं। उन्होंने जनपदीय उद्यान अधिकारियों को इस संबंध में समयबद्ध एवं प्रभावी कार्यवाही सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
बैठक में यह भी निर्णय लिया गया कि जिन मामलों में क्षतिपूर्ति के नियम स्पष्ट नहीं हैं अथवा निर्धारित धनराशि पर्याप्त नहीं है, उन प्रकरणों में राहत आयुक्त को प्रस्ताव भेजकर आवश्यक कार्यवाही सुनिश्चित की जाएगी, ताकि प्रभावित कृषकों को समय पर राहत उपलब्ध कराई जा सके।
उद्यान मंत्री ने विभाग द्वारा संचालित विभिन्न औद्यानिक विकास योजनाओं की समीक्षा करते हुए निर्देश दिए कि पात्र कृषकों को योजनाओं का अधिकतम लाभ पहुंचाने के लिए जनपद स्तर पर प्रभावी प्रचार-प्रसार एवं पारदर्शी क्रियान्वयन सुनिश्चित किया जाए।
बैठक में आगरा में स्थापित हो रहे इंटरनेशनल पोटैटो सेंटर की प्रगति की भी समीक्षा की गई। मंत्री ने परियोजना से संबंधित लंबित कार्यों एवं अन्य आवश्यक परियोजनाओं को शीघ्रता से पूर्ण किए जाने के निर्देश अधिकारियों को दिए।
इस अवसर पर अपर मुख्य सचिव, उद्यान एवं खाद्य प्रसंस्करण श्री बीएल मीणा, निदेशक उद्यान श्री बीपी राम, संयुक्त निदेशक श्री सर्वेश कुमार व श्री राजीव कुमार सहित अन्य विभागीय वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।


