
सामाजिक न्याय भवन में नशामुक्त भारत अभियान का शुभारंभ
रिपोर्ट :विशाल समाचार
स्थान:पुणे महाराष्ट्र
पुणे,। सामाजिक न्याय भवन, विश्रांतवाड़ी रोड, येरवडा में ‘नशा मुक्त भारत अभियान, विकसित भारत की पहचान’ जनजागरूकता कार्यक्रम का शुभारंभ समाज कल्याण विभाग की प्रादेशिक उपआयुक्त वंदना कोचुरे के हाथों किया गया। कार्यक्रम का आयोजन प्रादेशिक उपआयुक्त कार्यालय एवं सहायक आयुक्त, समाज कल्याण कार्यालय के संयुक्त तत्वावधान में किया गया।
इस अवसर पर समाज कल्याण आयुक्तालय के व्यसनमुक्ति विभाग की सहायक आयुक्त मीना आंबाडेकर, समाज कल्याण अधिकारी ज्ञानेश्वर जावळे, माधुरी वाघमोडे, जिला परिषद समाज कल्याण निरीक्षक सागर सोनवणे, बाल कल्याण संस्था की व्यवस्थापिका अपर्णा पानसे तथा सामाजिक कार्यकर्ता संभाजी भांगरे सहित अनेक गणमान्य व्यक्ति उपस्थित रहे।
कार्यक्रम में बताया गया कि भारत सरकार के सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता मंत्रालय द्वारा देश में मादक पदार्थों की मांग को कम करने तथा उनके दुष्प्रभावों के प्रति लोगों को जागरूक करने के लिए ‘मादक पदार्थ सेवन निवारण राष्ट्रीय कार्ययोजना’ के अंतर्गत विभिन्न गतिविधियां संचालित की जा रही हैं। इसी क्रम में 15 अगस्त 2020 को ‘नशा मुक्त भारत अभियान’ की शुरुआत की गई थी, जिसे अब देश के सभी जिलों तक विस्तारित कर दिया गया है।
हर वर्ष 26 जून को मनाए जाने वाले ‘अंतरराष्ट्रीय मादक पदार्थ दुरुपयोग एवं अवैध तस्करी विरोधी दिवस’ के अवसर पर 17 जून से 26 जून 2026 तक विभिन्न जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं। कार्यक्रम में मादक पदार्थों के सेवन से होने वाले दुष्प्रभावों, उनके रोकथाम उपायों तथा समाज में जागरूकता बढ़ाने की आवश्यकता पर विशेष जोर दिया गया। वक्ताओं ने युवाओं को नशे से दूर रखकर स्वस्थ, जागरूक और सशक्त समाज के निर्माण का संकल्प भी व्यक्त किया।
सहायक आयुक्त विशाल लोंढे ने बताया कि अभियान के अंतर्गत कोरेगांव पार्क स्थित ‘द पूना स्कूल एंड होम फॉर ब्लाइंड बॉयज’ में नशामुक्ति विषयक पोस्टर प्रतियोगिता का आयोजन किया गया। प्रतियोगिता में जिले की 10 दिव्यांग विद्यालयों के लगभग 90 विद्यार्थियों ने भाग लिया। प्रसिद्ध चित्रकार नीरज सबनीस ने प्रतियोगिता का मूल्यांकन किया।
प्रतियोगिता परिणाम
प्रथम स्थान – हुसैन सैयद (आधार मूकबधिर विद्यालय, बिबवेवाड़ी)
द्वितीय स्थान – महाबुबी शाबादी (चिंचवड़ बधिर-मूक विद्यालय, निगड़ी)
तृतीय स्थान – शुभम अंबाजी जाधव (बधिर-मूक शिक्षण केंद्र, पुणे) एवं समृद्धि वैजनाथ मिसाल (चिंचवड़ बधिर-मूक विद्यालय, निगड़ी) को संयुक्त रूप से प्रदान किया गया।
अभियान के माध्यम से युवाओं और विद्यार्थियों में नशे के प्रति जागरूकता बढ़ाने तथा नशामुक्त समाज के निर्माण का संदेश दिया गया।
