
यमुना नदी के बढ़ते जलस्तर को लेकर जिलाधिकारी ने ग्राम अस्ता का किया भ्रमण, बाढ़ राहत व्यवस्थाओं का लिया जायजा।
रिपोर्ट :विशाल समाचार
स्थान:औरैया उत्तर प्रदेश
औरैया: – यमुना नदी के लगातार बढ़ते जलस्तर को दृष्टिगत रखते हुए जिलाधिकारी बृजेश कुमार ने तहसील औरैया के बाढ़ प्रभावित ग्राम अस्ता का भ्रमण कर मौके पर स्थिति का जायजा लिया। उन्होंने ग्रामवासियों से पूर्व में आई बाढ़ तथा उससे उत्पन्न होने वाली समस्याओं के संबंध में जानकारी प्राप्त की। जिलाधिकारी ने ग्रामीणों को आश्वस्त करते हुए कहा कि जिला प्रशासन पूरी तरह उनके साथ है तथा बाढ़ की स्थिति पर लगातार नजर रखी जा रही है।
भ्रमण के दौरान जिलाधिकारी ने यमुना नदी के बढ़ते जलस्तर का निरीक्षण किया तथा संबंधित अधिकारियों से जलस्तर एवं संभावित प्रभावित क्षेत्रों के संबंध में विस्तारपूर्वक जानकारी प्राप्त की। उन्होंने निर्देश दिए कि जिन स्थानों पर जलस्तर तेजी से बढ़ रहा है, वहां तत्काल नावों की व्यवस्था सुनिश्चित की जाए। आवश्यकता पड़ने पर निचले एवं संवेदनशील स्थानों पर रह रहे लोगों को सुरक्षित रूप से ऊंचे स्थानों पर पहुंचाया जाए।
जिलाधिकारी ने संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया कि संभावित बाढ़ प्रभावित ग्रामों में राशन किट का शीघ्र वितरण कराया जाए, जिससे ग्रामीणों को आवश्यक खाद्य सामग्री के लिए परेशानी न हो। उन्होंने कहा कि यदि बाढ़ के कारण लोगों को खाना पकाने में किसी प्रकार की समस्या उत्पन्न होती है तो प्रभावित परिवारों को भोजन के पैकेट उपलब्ध कराए जाएं, ताकि कोई भी व्यक्ति भूखा न रहे।
उन्होंने पशुओं की सुरक्षा को भी प्राथमिकता देते हुए पर्याप्त मात्रा में भूसा एवं पशु चारे की व्यवस्था सुनिश्चित कराने के निर्देश दिए। साथ ही पशुओं का शत-प्रतिशत टीकाकरण कराने के निर्देश दिए, ताकि बाढ़ के दौरान पशुओं को संक्रामक बीमारियों से सुरक्षित रखा जा सके।
जिलाधिकारी ने स्वास्थ्य विभाग को निर्देशित किया कि प्रभावित एवं संभावित बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में स्वास्थ्य टीमें तैनात रखी जाएं। विशेष रूप से सर्प, कीड़े-मकौड़े अथवा अन्य जीव-जंतुओं के काटने जैसी घटनाओं में लोगों को तत्काल चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराई जाए। उन्होंने गर्भवती महिलाओं का नियमित स्वास्थ्य परीक्षण एवं चेकअप सुनिश्चित कराने के भी निर्देश दिए, ताकि आपात स्थिति में उन्हें समय से आवश्यक चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराई जा सके।
जिलाधिकारी ने बाढ़ की स्थिति को देखते हुए सभी आवश्यक व्यवस्थाएं पहले से सुनिश्चित रखने तथा प्रभावित क्षेत्रों में विद्युत आपूर्ति एवं अन्य मूलभूत सुविधाओं की व्यवस्था पर विशेष ध्यान देने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि किसी भी प्रकार की आपात स्थिति में संबंधित विभाग आपसी समन्वय के साथ तत्काल कार्रवाई करें।
उन्होंने अधिकारियों को निर्देशित किया कि बाढ़ की स्थिति पर निरंतर निगरानी रखते हुए आमजन की सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता दी जाए तथा आवश्यकता के अनुसार राहत एवं बचाव कार्य तत्काल प्रभाव से संचालित किए जाएं। उन्होंने कहा कि जिला प्रशासन किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए पूरी तरह तैयार है और बाढ़ प्रभावित लोगों को हर संभव सहायता उपलब्ध कराई जाएगी।
इस अवसर पर अपर जिलाधिकारी (वि0/रा0) अविनाश चंद्र मौर्य, उप जिलाधिकारी सदर बृहमानंद, तहसीलदार सदर प्रकाश चौधरी सहित संबंधित अधिकारी एवं ग्राम प्रधान आदि उपस्थित रहे।

