
औरैया में कृषि यंत्रों के लाभार्थियों का ई-लॉटरी से चयन
जिलाधिकारी की अध्यक्षता में कलेक्ट्रेट में हुई ई-लॉटरी प्रक्रिया, चयनित किसानों को SMS से मिली सूचना
रिपोर्ट विशाल समाचार
स्थान औरैया उत्तर प्रदेश
औरैया, । जिलाधिकारी बृजेश कुमार की अध्यक्षता में कलेक्ट्रेट स्थित मानस सभागार में कृषि यंत्रीकरण सब मिशन ऑन एग्रीकल्चरल मैकेनाइजेशन तथा प्रमोशन ऑफ एग्रीकल्चर मैकेनाइजेशन फॉर इन-सीटू मैनेजमेंट ऑफ क्रॉप रेजिड्यू योजनांतर्गत कृषि यंत्रों के लिए आवेदन करने वाले किसानों का जनपद स्तरीय ई-लॉटरी के माध्यम से चयन किया गया।
ई-लॉटरी की प्रक्रिया जनपद स्तर पर गठित कार्यकारी समिति एवं किसानों की उपस्थिति में पारदर्शी तरीके से संपन्न कराई गई। इसमें 10 हजार रुपये से अधिक अनुदान वाले विभिन्न कृषि यंत्रों के लिए आवेदन करने वाले किसानों को शामिल किया गया।
ई-लॉटरी के माध्यम से रोटोवेटर, कल्टीवेटर, लेजर लैंड लेवलर, हैरो, मल्टीक्रॉप थ्रेसर, आलू खुदाई मशीन, कस्टम हायरिंग सेंटर (परियोजना लागत 10 लाख रुपये), ट्रैक्टर माउंटेड स्प्रेयर, स्ट्रॉ रीपर, मिनी राइस मिल, कंबाइन हार्वेस्टर, ऑयल मिल विद फिल्टर प्रेस, किसान ड्रोन, एमबी प्लाउ, क्रॉप रीपर ट्रैक्टर माउंटेड, सुपर सीडर, पैडी स्ट्रॉ चॉपर तथा कस्टम हायरिंग सेंटर (परियोजना लागत 30 लाख रुपये) सहित विभिन्न कृषि यंत्रों के लाभार्थियों का चयन किया गया।
ई-लॉटरी में चयनित किसानों को उनके पंजीकृत मोबाइल नंबर पर SMS के माध्यम से चयन की सूचना तथा बिल अपलोड करने की अंतिम तिथि की जानकारी पोर्टल के माध्यम से भेजी गई।
जिलाधिकारी बृजेश कुमार ने चयनित किसानों के मोबाइल पर प्राप्त SMS का अवलोकन किया और लाभार्थियों को बधाई दी। उन्होंने किसानों को निर्धारित समय सीमा के भीतर संबंधित कृषि यंत्र खरीदकर उसका बिल पोर्टल पर अपलोड करने के निर्देशों का पालन करने की बात कही।
प्रशासन के अनुसार, लक्ष्य की सीमा तक चयनित लाभार्थी द्वारा निर्धारित समयावधि में कृषि यंत्र क्रय कर बिल पोर्टल पर अपलोड नहीं किया जाता है तो उसका चयन स्वतः निरस्त हो जाएगा। कृषि यंत्र खरीदते समय यंत्र विक्रेता को बिल का 50 प्रतिशत ऑनलाइन भुगतान करना तथा डीलर द्वारा यूपी यंत्र ट्रैकिंग पोर्टल पर किसान का विवरण और बिल अपलोड करना आवश्यक होगा। निर्धारित प्रक्रिया का पालन नहीं होने की स्थिति में अनुदान राशि का भुगतान संभव नहीं होगा।
ई-लॉटरी चयन प्रक्रिया के दौरान उप कृषि निदेशक, जिला उद्यान अधिकारी, जिला कृषि अधिकारी, जिला सूचना विज्ञान अधिकारी, कृषि विज्ञान केंद्र के वैज्ञानिक, स्वयं सहायता समूह के प्रतिनिधि, प्रगतिशील किसान एवं कृषक बंधु सहित संबंधित अधिकारी एवं किसान मौजूद रहे।



