
कायाकल्प अभियान को लेकर जिलाधिकारी ने की समीक्षा।
रिपोर्ट विशाल समाचार
स्थान सीतामढ़ी बिहार
जिलाधिकारी सीतामढ़ी श्री तनय सुल्तानिया की अध्यक्षता में आज विमर्श सभा कक्ष में कायाकल्प अभियान के अंतर्गत जिले में संचालित कार्यों एवं अद्यतन प्रगति की विस्तृत समीक्षा की गई। बैठक में अभियान के तहत योजनाओं के चयन, विभागवार प्रगति, पोर्टल पर प्रविष्टि, आधारभूत संरचनाओं के सुदृढ़ीकरण तथा योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन को लेकर आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए।
बैठक में बताया गया कि कायाकल्प अभियान 17 सितंबर 2026 से प्रारंभ होकर मार्च 2027 तक संचालित किया जाएगा। अभियान के तहत प्रत्येक पंचायत से 15 योजनाओं का चयन किया जाना है। चयनित योजनाओं में विभिन्न महत्वपूर्ण विभागों से संबंधित आधारभूत संरचनाओं एवं जनोपयोगी परिसंपत्तियों को शामिल किया जाएगा।
जिलाधिकारी ने निर्देश दिया कि दीपावली से पूर्व सभी स्वास्थ्य संस्थानों में छोटे-छोटे ढांचागत सुधार, रंग-रोगन, आवश्यक मरम्मत, साफ-सफाई एवं जनोपयोगी सुविधाओं से संबंधित कार्य प्राथमिकता के आधार पर पूर्ण किए जाएं, ताकि स्वास्थ्य संस्थानों में मरीजों एवं उनके परिजनों को स्वच्छ, सुव्यवस्थित एवं बेहतर वातावरण उपलब्ध हो सके।
उन्होंने सभी संबंधित विभागों को निर्देश दिया कि अभियान के तहत चिन्हित की जाने वाली योजनाओं की पोर्टल पर अनिवार्य रूप से समयबद्ध प्रविष्टि सुनिश्चित की जाए। योजनाओं की प्रगति की नियमित समीक्षा करते हुए किसी भी स्तर पर अनावश्यक विलंब नहीं हो, इसका विशेष ध्यान रखने को कहा गया।
*विद्यालयों एवं आंगनबाड़ी केंद्रों पर विशेष जोर*
जिलाधिकारी ने विद्यालयों में आंगनबाड़ी केंद्रों के संचालन तथा नए आंगनबाड़ी केंद्रों के निर्माण से संबंधित योजनाओं को प्राथमिकता देने का निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि जिन विद्यालयों में आंगनबाड़ी केंद्र खोले जाने हैं, वहां संबंधित विद्यालय के प्रधानाध्यापक द्वारा आवश्यक अनापत्ति प्रमाण-पत्र उपलब्ध कराया जाना सुनिश्चित किया जाए। इस कार्य में शिक्षा, आईसीडीएस एवं अन्य संबंधित विभाग आपसी समन्वय के साथ कार्य करेंगे।
उन्होंने कहा कि कायाकल्प अभियान का उद्देश्य केवल मौजूदा परिसंपत्तियों की मरम्मत तक सीमित नहीं है, बल्कि ग्रामीण क्षेत्रों में आधारभूत संरचनाओं एवं सार्वजनिक परिसंपत्तियों को मजबूत करने के साथ-साथ स्थानीय आवश्यकता के अनुरूप नई परिसंपत्तियों का निर्माण करना भी है।
अभियान के अंतर्गत ग्राम पंचायत स्तर की आधारभूत संरचनाओं के सुदृढ़ीकरण एवं आवश्यकतानुसार नवीन निर्माण, विद्यालय भवन एवं अन्य आधारभूत संरचनाओं के उन्नयन, आंगनबाड़ी केंद्रों तथा सामुदायिक भवनों के सुदृढ़ीकरण पर विशेष ध्यान दिया जाएगा।
इसी प्रकार स्वास्थ्य उपकेंद्रों के सुदृढ़ीकरण, उन्नयन एवं आवश्यकतानुसार नवीन निर्माण के साथ-साथ स्थानीय जरूरतों से जुड़ी अन्य महत्वपूर्ण जनोपयोगी आधारभूत संरचनाओं को भी अभियान में प्राथमिकता दी जाएगी।
जिलाधिकारी ने स्पष्ट निर्देश दिया कि योजनाओं के चयन में स्थानीय आवश्यकता, जनहित, उपयोगिता एवं अधिकतम जनसरोकार को सर्वोच्च प्राथमिकता दी जाए। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को योजनाओं के चयन से लेकर उनके क्रियान्वयन तक निरंतर अनुश्रवण सुनिश्चित करने को कहा, ताकि कायाकल्प अभियान का अपेक्षित लाभ ग्रामीण क्षेत्रों के लोगों तक प्रभावी ढंग से पहुंच सके।
बैठक में उप विकास आयुक्त सुश्री श्वेता भारती, सिविल सर्जन डॉ. आर.के. यादव सहित अन्य जिला स्तरीय पदाधिकारी उपस्थित थे। वहीं प्रखंड स्तरीय पदाधिकारी वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से बैठक से जुड़े रहे।



