सभी एसडीएम गौ शालाओ का नियमित निरीक्षण करें – कलेक्टर संजय कुमार जैन
रिपोर्ट विशाल समाचार
स्थान मऊगंज मध्यप्रदेश
मऊगंज / कलेक्टर संजय कुमार जैन ने अनुविभागीय राजस्व अधिकारी मऊगंज एवं हनुमना को निर्देश दिए की समस्त शासकीय एवं अशासकीय गौशालाओ की व्यवस्थाओं का औचक निरीक्षण करें, सभी गौशालाओं के जांच कर्ता अधिकारियों की नियमित समीक्षा करते हुए दायित्वों के निर्वहन में लापरवाही बरतने वाले अधिकारियों एवं कर्मचारियों के विरुद्ध नियम अनुसार अनुशासनात्मक कार्रवाई हेतु कलेक्टर कार्यालय को प्रस्ताव भेजें। विभागीय समन्वय के माध्यम से राष्ट्रीय एवं राज्य राजमार्गों एवं सार्वजनिक स्थलों पर विचरण करने वाले आवारा पशु व गोवंश की उचित व्यवस्था सुनिश्चित की जाए। समस्त अनुविभागीय राजस्व अधिकारी अपने अनु विभाग अंतर्गत वाली गौशालाओं के संचालकों की नियमित बैठक आयोजित करें और बैठक में निराश्रित गोवंश एवं गौशालाओं के रखरखाव की समीक्षा करें। कलेक्टर ने सभी अनुविभागीय राजस्व अधिकारियों को निर्देश दिए कि वह गौशालाओं में गोवंश की संख्या, सड़कों से विस्थापित गोवंश एवं जांच कर्ता अधिकारियों की कार्य प्रगति की रिपोर्ट कलेक्टर कार्यालय को अनिवार्य रूप से प्रेषित करें।
कलेक्टर ने महाप्रबंधक मध्य प्रदेश सड़क विकास निगम रीवा एवं मऊगंज को निर्देशित किया कि वे राष्ट्रीय राजमार्गों पर गोवंश की सुरक्षा तथा दुर्घटना मुक्त यातायात सुनिश्चित करने हेतु हाईवे पर सघन पेट्रोलिंग के लिए एक नियमित पेट्रोलिंग टीम तैनात करें जो सड़कों एवं डिवाइडरों पर बैठे या आवारा घूमते, दुर्घटनाग्रस्त पशुओं गोवंश को हटाकर सुरक्षित स्थानों तक पहुंचाएंगे। महाप्रबंधक मध्य प्रदेश सड़क विकास निगम स्थानीय निकायों एवं गौशालाओं से समन्वय कर एनएच-135 से हटाए गए गोवंश को नजदीकी गौशाला में सुरक्षित पुनर्वास कराएंगे एवं एनएच-135 पर संवेदनशील स्थानों पर बैठने वाले पशुओं को कैटल कैचर वाहनों के माध्यम से मिलकर त्वरित कार्रवाई करेंगे। कार्रवाई के लिए भी दल तैनात करने के निर्देश कलेक्टर ने दिए। कलेक्टर श्री जैन ने संवेदनशील स्थानों के पास विचरण करने वाले आवारा पशुओं के गले एवं सिंग पर रेडियम रिफ्लेक्टर बेल्ट लगाने के लिए विशेष अभियान चलाने के भी निर्देश दिए और कहां की एनएच-135 पर संवेदनशील स्थानों के आसपास तथा ब्लैक स्पॉट् एवं प्रमुख चौराहो पर पर्याप्त प्रकाश की व्यवस्था सांकेतिक बोर्ड की व्यवस्था सुनिश्चित कराई जाए।
कलेक्टर ने उपसंचालक पशुपालन एवं डेयरी विभाग को निर्देश दिए की सड़कों एवं राजमार्ग में होने वाली सड़क दुर्घटनाओं में घायल गोवंश के इलाज हेतु 24 घंटे कार्य करने वाला आपातकालीन पशु चिकित्सा दल गठित करना सुनिश्चित करें। सभी गौ शालाओं में पशुओं को दिए जा रहे चारे, भूसा एवं दाने की पोषण गुणवत्ता की नियमित जांच करते हुए पशु आहार विशेषज्ञों की टीम गठित करना सुनिश्चित करें। कलेक्टर ने उप संचालक पशुपालन को निर्देश दिए की वे स्वयं प्रति माह न्यूनतम 10 प्रमुख गौशालाओं का औचक निरीक्षण करना सुनिश्चित करें। इसके साथ ही प्रत्येक 15 दिवस में पशुओं की कुल वास्तविक संख्या टेगिग स्थिति, बीमार एवं मृत पशुओं की जानकारी तथा हर 15 दिवस में किए गए कार्य की व्यवस्थित रिपोर्ट प्रस्तुत करना सुनिश्चित करें। कलेक्टर ने समस्त गौशाला में मौजूद गोवंश तथा सड़कों से रेस्क्यू किए गए बेसहारा गोवंश की शत प्रतिशत एयर टेगिग करने के निर्देश दिए।
