
राज्य कामगार विमा योजना का लाभ ज़रूरतमंद मजदूरों तक पहुँचाना ज़रूरी – सार्वजनिक आरोग्य मंत्री प्रकाश आबिटकर
पुणे: राज्य कामगार विमा योजना केंद्र व राज्य सरकार के संयुक्त सहयोग से चलाई जा रही है और इसके अंतर्गत दी जाने वाली सुविधाएँ अत्यंत लाभदायक हैं। इन सुविधाओं का लाभ ज़रूरतमंद और वंचित वर्ग के मजदूरों तक समय रहते पहुँचना चाहिए, ऐसा स्पष्ट मत सार्वजनिक आरोग्य एवं परिवार कल्याण मंत्री प्रकाश आबिटकर ने व्यक्त किया।
यह निर्देश उन्होंने आज पुणे जिलाधिकारी कार्यालय में आयोजित राज्य कामगार विमा महामंडळ की कार्यप्रगति की समीक्षा बैठक के दौरान दिए। इस अवसर पर राज्य कामगार विमा सोसायटी के आयुक्त रमेश चव्हाण, जिल्हाधिकारी जितेंद्र डूडी, उप प्रादेशिक अधिकारी सुकांतचंद्र दास, वैद्यकीय प्रशासन अधिकारी डॉ. बाळकृष्ण रंगदळ, और बिबवेवाडी स्थित महामंडळ के रुग्णालय के वैद्यकीय अधिक्षक डॉ. अभिमन्यु पांडा उपस्थित थे।
मंत्री श्री. आबिटकर ने कहा कि योजना की अधिकतम पहुँच के लिए महाराष्ट्र चेंबर ऑफ कॉमर्स, तलेगांव, रांजणगांव, चाकण जैसी औद्योगिक एसोसिएशनों का सहयोग लिया जाए। एमआयडीसी क्षेत्र की कंपनियाँ और अन्य संस्थाएँ मजदूरों के लिए बीमा नोंदणी शिविर आयोजित करें ताकि अधिक से अधिक मजदूर योजना से लाभान्वित हो सकें।
उन्होंने यह भी निर्देश दिए कि राज्य कामगार विमा विभाग के अधिकारी व कर्मचारी निश्चित लक्ष्य निर्धारित कर प्रचार-प्रसार तेज करें और पुणे जिले के 21 कामगार सेवा दवाखानों में पंजीकरण की संख्या बढ़ाएँ।
इस अवसर पर जिलाधिकारी श्री. डूडी ने कहा कि बिबवेवाडी स्थित मजदूर अस्पताल का कार्य संतोषजनक रूप से प्रगति पर है और वहाँ द्वितीय श्रेणी की स्वास्थ्य सेवाएं अच्छी तरह उपलब्ध कराई जा रही हैं। पुणे जिला अस्पताल में भी गुणवत्ता बढ़ाने हेतु कार्ययोजना तैयार की जाए। साथ ही, जिले के सभी औद्योगिक प्रतिष्ठानों में समन्वय कर एक महीने के भीतर बीमा पंजीकरण लक्ष्य को प्राप्त करने के लिए ठोस प्रयास किए जाएँ।
राज्य कामगार विमा सोसायटी के आयुक्त रमेश चव्हाण ने बताया कि योजना के अंतर्गत इलाज की कोई अधिकतम सीमा नहीं है, जिससे यह मजदूरों के लिए सबसे सशक्त और उपयुक्त योजना बन जाती है। उन्होंने बैठक में उपस्थित सभी अधिकारियों और संस्थाओं का आभार व्यक्त किया।

