
इटावा पुलिस ने किया फर्जी मंत्री बनकर दबाव बनाने वाले शातिर अभियुक्त को गिरफ्तार
ब्यूरो विशाल समाचार इटावा
इटावा: थाना सिविल लाइन पुलिस ने एक गंभीर साइबर अपराध का खुलासा करते हुए फर्जी तरीके से मध्य प्रदेश के ऊर्जा मंत्री बनकर पुलिस पर दबाव बनाने वाले अभियुक्त अंकित सिंह परिहार को गिरफ्तार कर लिया है।
प्राप्त जानकारी के अनुसार अभियुक्त ने Truecaller एप पर मंत्री प्रद्युम्न सिंह तोमर के नाम और फोटो का उपयोग करते हुए एक फर्जी प्रोफाइल बनाई और जनपद इटावा के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक के सरकारी CUG नंबर पर कॉल कर स्वयं को मंत्री बताकर सहसों थाना क्षेत्र के एक अभियुक्त के पक्ष में पैरवी शुरू कर दी। इतना ही नहीं, अभियुक्त ने हल्का प्रभारी को हटवाने हेतु भी दबाव बनाने का प्रयास किया।
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक श्री बृजेश कुमार श्रीवास्तव के निर्देश पर मामले की गहन जांच कराई गई, जिसमें अभियुक्त की संलिप्तता प्रमाणित हुई। तत्पश्चात थाना सिविल लाइन पर मु0अ0सं0 144/25 धारा 319(2)/318(4) बीएनएस के तहत अभियोग दर्ज किया गया।
गिरफ्तारी विवरण:
आज दिनांक 07.08.2025 को अभियुक्त अंकित सिंह परिहार पुत्र राकेश सिंह को थाना सिविल लाइन पुलिस टीम द्वारा लॉयन सफारी के पास ठंडी पुलिया से गिरफ्तार किया गया। उसके पास से एक मोबाइल फोन बरामद हुआ जिसमें कई लोगों के आधार कार्ड व दस्तावेजों की प्रतियां मिलीं, जो साइबर अपराध में संलिप्तता की पुष्टि करते हैं।
पुलिस पूछताछ व आपराधिक इतिहास:
अभियुक्त ने अपराध स्वीकार कर लिया है। प्रारंभिक जांच में उसके पूर्व के आपराधिक मामलों का भी खुलासा हुआ है:
1. वर्ष 2018-19: फर्जी पुलिस वर्दी पहनकर फोटो इंस्टाग्राम डीपी पर लगाना – थाना महाराजपुर, ग्वालियर में मामला दर्ज।
2. वर्ष 2016: थाना सहसों, इटावा में आर्म्स एक्ट के तहत मामला दर्ज।
जांच में मिली नई जानकारी के आधार पर धारा 338/340 बीएनएस की वृद्धि की गई है।
गिरफ्तार अभियुक्त:
नाम: अंकित सिंह परिहार
पिता का नाम: राकेश सिंह परिहार
पता: पिपरौली की गढ़िया, थाना सहसों, जनपद इटावा
उम्र: लगभग 28 वर्ष पंजीकृत अभियोग:मु0अ0सं0 144/2025,धारा, 319(2)/318(4)/338/340 बीएनएस
पुलिस टीम:
प्रभारी निरीक्षक श्री सुनील कुमार,उ0नि0 समित चौधरी (पीआरओ/मीडिया सेल प्रभारी),उ0नि0 मोहनवीर,उ0नि0 राजेश मौर्य,उ0नि0 संजय यादव सहित अन्य स्टाफ
पुलिस अपील:
इटावा पुलिस आमजन से अपील करती है कि यदि कोई भी व्यक्ति संदिग्ध गतिविधियों, साइबर ठगी या प्रतिरूपण जैसी घटनाओं के बारे में जानकारी दे तो तत्काल नजदीकी थाने पर या साइबर हेल्पलाइन नंबर 1930 पर संपर्क करें।

