यात्रापूणेप्रशासनमहाराष्ट्र

आषाढ़ी वारी की तैयारियों की समीक्षा, एक भी वारकरी को न हो असुविधा: मंत्री जयकुमार गोरे

आषाढ़ी वारी की तैयारियों की समीक्षा, एक भी वारकरी को न हो असुविधा: मंत्री जयकुमार गोरे

रिपोर्ट :विशाल समाचार 

स्थान:पुणे महाराष्ट्र 

पुणे, :महाराष्ट्र के ग्रामविकास एवं पंचायत राज मंत्री जयकुमार गोरे ने आगामी आषाढ़ी वारी की तैयारियों की समीक्षा करते हुए अधिकारियों को निर्देश दिए कि पालखी सोहले के दौरान किसी भी वारकरी को किसी प्रकार की असुविधा नहीं होनी चाहिए। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस के निर्देशानुसार सभी विभाग समन्वय के साथ कार्य करें और इस वर्ष का पालखी सोहला सर्वोत्तम रूप से संपन्न कराया जाए।

विधानभवन में आयोजित समीक्षा बैठक में मंत्री गोरे ने पेयजल, शौचालय, स्वच्छता, स्वास्थ्य सेवाएं और ठहरने की सुविधाओं की व्यापक व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने बताया कि इस वर्ष पालखी सोहले के लिए 76 करोड़ रुपये की मंजूरी दी गई है, जिससे आवश्यक सुविधाओं का निर्माण और उन्नयन किया जा रहा है।

उन्होंने कहा कि शौचालयों की पर्याप्त व्यवस्था, निरंतर सफाई और पानी की उपलब्धता सुनिश्चित की जाए। शौचालयों तक पहुंचने वाले मार्गों पर कीचड़ न हो, इसके लिए कंक्रीट मार्ग बनाए जाएं। पालखी के पड़ाव स्थलों पर जर्मन हैंगर और जलरोधक मंडपों की व्यवस्था भी की गई है।

बैठक में अधिकारियों ने बताया कि पुणे, सातारा और सोलापुर जिलों में कुल 63 हजार से अधिक शौचालय, 58 जर्मन हैंगर, 220 पानी के टैंकर, 500 स्नानगृह तथा स्वास्थ्य विभाग के 5,698 कर्मी तैनात किए जाएंगे। कानून व्यवस्था के लिए 21,820 पुलिस अधिकारी एवं कर्मचारी और विभिन्न विभागों के कुल 52,706 कर्मचारी वारी सेवा में लगाए जाएंगे।

अधिकारियों के अनुसार इस वर्ष लगभग 30 लाख श्रद्धालुओं के पंढरपुर पहुंचने का अनुमान है। श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए 15 मोबाइल चार्जिंग वैन, मेडिसिन ऑन व्हील्स, बाइक एम्बुलेंस, हिरकणी कक्ष और अन्य सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएंगी।

सोलापुर जिला प्रशासन ने बताया कि आषाढ़ी वारी के दौरान पंढरपुर में मोबाइल नेटवर्क बाधित न हो, इसके लिए जियो नेटवर्क की अत्याधुनिक कनेक्टिविटी उपलब्ध कराई जाएगी।

मंत्री गोरे ने स्वच्छता, सुरक्षा और यातायात प्रबंधन पर विशेष ध्यान देने के निर्देश देते हुए कहा कि सभी विभागों को मिलकर वारकरी सेवा को सर्वोच्च प्राथमिकता देनी चाहिए।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button