
“स्वस्थ नारी, सशक्त परिवार” अभियानांतर्गत पुणे विभागीय आयुक्त कार्यालय में महिला अधिकारियों व कर्मचारियों के लिए स्वास्थ्य परीक्षण शिविर सम्पन्न
पुणे ( सोहन सिंह ) : “स्वस्थ नारी, सशक्त परिवार” इस राष्ट्रीय अभियान के तहत पुणे विभागीय आयुक्त कार्यालय में कार्यरत महिला अधिकारियों और कर्मचारियों के लिए स्वास्थ्य परीक्षण शिविर का आयोजन किया गया। इस शिविर में विभागीय आयुक्त कार्यालय तथा नई प्रशासकीय इमारत के विभिन्न कार्यालयों से कुल २३५ महिला अधिकारी एवं कर्मचारियों की स्वास्थ्य जांच की गई।
शिविर का उद्घाटन पुणे विभागीय आयुक्त डॉ. चंद्रकांत पुलकुंडवार के हाथों संपन्न हुआ। इस अवसर पर गजानन पाटील, मुख्य कार्यकारी अधिकारी, जिला परिषद पुणे, डॉ. भगवान पवार, उपसंचालक स्वास्थ्य सेवा, पुणे, डॉ. रामचंद्र हंकारे, जिला स्वास्थ्य अधिकारी, पुणे, दीपाली देशपांडे-सावेडकर, अपर आयुक्त (विकास), पुणे विभाग, नितीन माने, अपर आयुक्त (आस्थापना), पुणे विभाग तथा ससून अस्पताल, औंध सर्वोपचार रुग्णालय और प्रादेशिक मानसिक आरोग्यशाला, येरवडा के चिकित्सा विशेषज्ञ उपस्थित थे।
प्रास्ताविक करते हुए डॉ. रामचंद्र हंकारे ने बताया कि इस अभियान के अंतर्गत अब तक पुणे जिले के ग्रामीण क्षेत्रों में लगभग ३१०० शिविर आयोजित किए जा चुके हैं, जिसमें २.५० लाख से अधिक महिलाओं की जांच की गई है। उच्च रक्तचाप, मधुमेह, स्तन कैंसर एवं गर्भाशय कैंसर जैसी बीमारियों से पीड़ित महिलाओं को सरकार की ओर से निःशुल्क उपचार उपलब्ध कराया जा रहा है।
मुख्य कार्यकारी अधिकारी गजानन पाटील ने कहा कि “सरकारी कार्यालयों द्वारा इस अभियान में सक्रिय भागीदारी से यह पहल जनआंदोलन का स्वरूप ग्रहण कर रही है।” उन्होंने महिला अधिकारियों व कर्मचारियों के साथ-साथ एकल महिलाओं की स्वास्थ्य जांच एवं आयुष्मान भारत कार्ड बनवाने का भी आह्वान किया।
अपर आयुक्त नितीन माने ने इस शिविर को सफल बनाने में मा. विभागीय आयुक्त डॉ. पुलकुंडवार के मार्गदर्शन की महत्वपूर्ण भूमिका बताई और स्वास्थ्य विभाग व जिला परिषद के सहयोग के लिए आभार व्यक्त किया। वहीं डॉ. भगवान पवार ने आह्वान किया कि प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र से लेकर जिला अस्पताल तक सभी महिलाएं और बच्चे इस योजना का लाभ अवश्य लें।
अपने अध्यक्षीय भाषण में डॉ. चंद्रकांत पुलकुंडवार ने कहा कि महिलाओं के स्वास्थ्य की देखभाल करना प्राथमिक जिम्मेदारी है। उन्होंने कार्यस्थल के तनाव से मुक्त रहने के लिए योगाभ्यास और संतुलित आहार पर जोर दिया तथा सोशल मीडिया विज्ञापनों या डॉक्टर की सलाह के बिना उपचार लेने से बचने की सलाह दी।
शिविर के समापन पर विभिन्न चिकित्सा विशेषज्ञों का सत्कार कर उनका आभार प्रकट किया गया।
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