उपार्जित धान के परिवहन पर विशेष ध्यान दें – कलेक्टर
रीवा विशाल समाचार: कलेक्टर श्रीमती प्रतिभा पाल ने धान उपार्जन की समीक्षा करते हुए कहा कि उपार्जित धान के परिवहन पर विशेष ध्यान दें। जिन सहकारी समितियों में अधिक मात्रा में धान की आवक हो रही है उनमें अतिरिक्त ट्रक लगाकर परिवहन कराएं। महाप्रबंधक सहकारी बैंक कम से कम पाँच समितियों को भी धान परिवहन की जिम्मेदारी दें। उपार्जित धान का स्वीकृति पत्रक तत्काल जारी करके किसानों को धान की राशि का समय पर भुगतान कराएं। उपार्जन से जुड़े अधिकारी समितिवार तथा खरीदी केन्द्रवार उपार्जन की निगरानी करें। प्रतिदिन उपार्जित धान, परिवहन तथा भण्डारण एवं किसानों को भुगतान की जानकारी समिति के समक्ष प्रस्तुत करें। जहाँ आवश्यक हो वहाँ अतिरिक्त ट्रक लगाकर परिवहन कराएं।
कलेक्टर ने कहा कि किसी भी स्थिति में समिति अथवा गोदाम में उपार्जित धान बड़ी मात्रा में भण्डारित न रहे। गोदाम स्तरीय खरीदी केन्द्रों में खरीदी के दिन ही स्वीकृति पत्रक जारी कराकर धान के देयक तैयार कराएं। समितियों में तीन दिवस से अधिक समय तक उपार्जित धान भण्डारित न रहे। इसका परिवहन कराकर सुरक्षित भण्डारण कराएं। बैठक में महाप्रबंधक सहकारी बैंक ज्ञानेन्द्र पाण्डेय ने बताया कि अब तक 82 करोड़ रुपए से अधिक के बिल मंजूर कर दिए गए हैं। किसानों के खातों में 52 करोड़ रुपए भुगतान किया जा चुका है। बैठक में सभी एसडीएम तथा उपार्जन से जुड़े अधिकारी उपस्थित रहे।


