
वित्तीय अनियमितता को लेकर चकौती पंचायत के मुखिया को पदच्युत करने की कार्रवाई प्रारंभ करने का निर्देश,
पंचायत सचिव को निलंबित करने का निर्देश तथा उनके विरुद्ध एफआईआर दर्ज करने का निर्देश
रिपोर्ट :विशाल समाचार
स्थान: इटावा उत्तर प्रदेश
प्राप्त परिवाद के आलोक में जांचोपरांत प्रखंड बोखड़ा अंतर्गत ग्राम पंचायत चकौती में गंभीर अनियमितता का मामला सामने आया है। बिना किसी स्वीकृत विभागीय दिशा निर्देश एवं नियम के प्रतिकूल सरकारी राशि की अवैध निकासी कर निजी उपयोग में खर्च किए जाने की शिकायत प्राप्त हुई थी, जिसके बाद प्रखंड विकास पदाधिकारी, बोखड़ा से इसकी जांच कराई गई।
जांच के क्रम में योजना पंजी के निरीक्षण से स्पष्ट हुआ कि दो योजनाओं की राशि क्रमशः ₹1 लाख एवं ₹2 लाख का चेक अभिकर्ता द्वारा ग्राम पंचायत चकौती के मुखिया श्री अशोक कुमार को सौंपा गया। श्री कुमार द्वारा इन चेकों के माध्यम से नगद निकासी की गई, किंतु निकासी के उपरांत राशि का कोई व्यय विवरण प्रस्तुत नहीं किया गया।
इसके अतिरिक्त एक अन्य चेक के माध्यम से ₹50,000 की राशि ‘कार्यालय व्यय’ के नाम पर निकाली गई, जिसका उपयोग भी मुखिया द्वारा नगद निकासी के जरिए किया गया।
जांच में यह तथ्य स्पष्ट रूप से सामने आया कि इस प्रकार की नगद निकासी विभागीय दिशा-निर्देशों के प्रतिकूल है।
प्रखंड विकास पदाधिकारी द्वारा प्रस्तुत जांच प्रतिवेदन के आधार पर जिलाधिकारी श्री रिची पांडेय ने कड़ी कार्रवाई करते हुए पंचायत सचिव के विरुद्ध प्राथमिकी दर्ज कराने, निलंबित करने तथा नीलामपत्र वाद दायर कर दो सप्ताह के भीतर राशि वसूली का निर्देश दिया है। साथ ही उनके विरुद्ध विभागीय कार्रवाई संचालित करने का आदेश भी दिया गया है।
वहीं, संबंधित ग्राम पंचायत के मुखिया श्री अशोक कुमार के विरुद्ध बिहार पंचायत राज अधिनियम की धारा 18(5) के अंतर्गत पदच्युत करने की प्रक्रिया प्रारंभ करने का निर्देश दिया गया है।



