10 जून तक महाराष्ट्र के अधिकांश हिस्सों में मानसून पहुंचने की संभावना नहीं
1 जून से आंधी-तूफान और बारिश के आसार, किसानों को बुवाई में जल्दबाजी न करने की सलाह
रिपोर्ट: विशाल समाचार
स्थान:मुंबई,महाराष्ट्र
मुंबई, । महाराष्ट्र में मौसम का मिजाज बदलना शुरू हो गया है और 1 जून से शुरू होने वाले सप्ताह में मौसम में और बदलाव देखने को मिल सकता है। मौसम विभाग के अनुसार विदर्भ, मराठवाड़ा, मध्य महाराष्ट्र और खानदेश के कई क्षेत्रों में दोपहर बाद बादल छाने तथा कहीं-कहीं गरज-चमक के साथ बारिश होने की संभावना है। कोंकण क्षेत्र में भी कुछ स्थानों पर वर्षा का अनुमान है।
मई महीने की तुलना में राज्य के अधिकांश हिस्सों में अधिकतम तापमान में गिरावट दर्ज की जाएगी, हालांकि पूर्वी विदर्भ के कुछ क्षेत्रों में तापमान 40 डिग्री सेल्सियस से ऊपर बना रह सकता है।
विशेषज्ञों ने स्पष्ट किया है कि आगामी आंधी-तूफान और बारिश का मानसून से कोई संबंध नहीं है, क्योंकि मानसून अभी तक केरल नहीं पहुंचा है। वर्तमान परिस्थितियों को देखते हुए महाराष्ट्र के अधिकांश क्षेत्रों में कम से कम 10 जून तक मानसून के पहुंचने की संभावना नहीं है।
कृषि एवं आपदा प्रबंधन विभाग ने किसानों और आम नागरिकों से मौसम में संभावित बदलाव को ध्यान में रखते हुए आवश्यक सावधानियां बरतने की अपील की है।
विभाग की प्रमुख सलाहें:
किसान केवल आंधी-तूफान या छिटपुट बारिश के आधार पर बुवाई शुरू करने की जल्दबाजी न करें और मानसून के आगमन की प्रतीक्षा करें।
गरज-चमक और बिजली गिरने की स्थिति में किसान व नागरिक अपनी तथा अपने पालतू पशुओं की सुरक्षा सुनिश्चित करें।
ऐसे समय में पेड़ों के नीचे, टीन शेड के नीचे, विद्युत ट्रांसफॉर्मर, बिजली के खंभों तथा विद्युत लाइनों के पास खड़े होने से बचें।
विभाग ने लोगों से मौसम संबंधी ताजा अपडेट पर नजर रखने और प्रशासन द्वारा जारी दिशा-निर्देशों का पालन करने की अपील की है।


