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राज्य के सभी खेल मैदानों में शौचालय, चेंजिंग रूम, प्रकाश व्यवस्था और सीसीटीवी सुविधाएं अनिवार्य करने के निर्देश

राज्य के सभी खेल मैदानों में शौचालय, चेंजिंग रूम, प्रकाश व्यवस्था और सीसीटीवी सुविधाएं अनिवार्य करने के निर्देश

रिपोर्ट :विशाल समाचार 

स्थान: मुंबई महाराष्ट्र 

मुंबई,: महाराष्ट्र की महिला खिलाड़ी विभिन्न खेलों में राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर उल्लेखनीय प्रदर्शन कर रही हैं। उन्हें अधिक सुरक्षित, सम्मानजनक और प्रोत्साहनपूर्ण वातावरण उपलब्ध कराने के लिए राज्य के सभी खेल मैदानों के विकास के साथ-साथ मॉडल शौचालय, पर्याप्त प्रकाश व्यवस्था, अलग चेंजिंग रूम और सुरक्षा के लिए सीसीटीवी प्रणाली स्थापित करने संबंधी राज्यस्तरीय एकीकृत नीति तैयार की जाए। यह निर्देश उपमुख्यमंत्री एवं खेल मंत्री सुनेत्रा अजित पवार ने दिए।

 

वर्ष 2026 के बजट सत्र में राज्य के खेल मैदानों में महिला खिलाड़ियों के लिए शौचालय सुविधा उपलब्ध कराने संबंधी पूछे गए तारांकित प्रश्न पर दिए गए आश्वासन के अनुपालन में सह्याद्री अतिथिगृह में उपमुख्यमंत्री सुनेत्रा अजित पवार की अध्यक्षता में एक बैठक आयोजित की गई।

 

बैठक में नगर विकास राज्यमंत्री माधुरी मिसाल, विधायक मिलिंद नार्वेकर, विधायक चित्रा वाघ, सामान्य प्रशासन विभाग की अपर मुख्य सचिव वी. राधा, खेल विभाग के प्रधान सचिव रणजीत सिंह देओल, उपमुख्यमंत्री के सचिव डॉ. राजेश देशमुख, कोंकण विभागीय आयुक्त रुबल अग्रवाल (वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से), खेल एवं युवा सेवा विभाग के आयुक्त दीपक सिंगला, बृहन्मुंबई महानगरपालिका के अतिरिक्त आयुक्त अविनाश ढाकणे सहित विभिन्न विभागों के वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे।

 

बैठक को संबोधित करते हुए उपमुख्यमंत्री सुनेत्रा अजित पवार ने कहा कि राज्य सरकार महिला खिलाड़ियों को प्रोत्साहित करने के लिए विभिन्न योजनाएं चला रही है। महिलाओं को सुरक्षित और सशक्त वातावरण उपलब्ध कराने के लिए आवश्यक सुविधाएं और प्रावधान किए जा रहे हैं। खेल क्षेत्र को नई ऊंचाइयों तक पहुंचाने के लिए मजबूत आधारभूत संरचना, गुणवत्तापूर्ण प्रशिक्षण व्यवस्था, आर्थिक सहयोग, पोषण, प्रशिक्षकों का मार्गदर्शन, सुरक्षित माहौल और सामाजिक स्वीकार्यता अत्यंत महत्वपूर्ण हैं।

 

उन्होंने कहा कि महाराष्ट्र सरकार ने खेल क्षेत्र में व्यापक सुधार करने का संकल्प लिया है और नई खेल नीति के माध्यम से खिलाड़ी-केंद्रित दृष्टिकोण अपनाया है। ग्रामीण क्षेत्रों से लेकर अंतरराष्ट्रीय स्तर तक खिलाड़ियों को अवसर उपलब्ध कराने के लिए विभिन्न पहलें की जा रही हैं। महिला खिलाड़ियों को खेल मैदानों में आवश्यक मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध होने से उनकी भागीदारी और प्रदर्शन में और अधिक सुधार होगा।

 

उपमुख्यमंत्री ने निर्देश दिए कि राज्य के सभी खेल मैदानों में महिला खिलाड़ियों के लिए आवश्यक सुविधाएं विकसित करने हेतु सभी संबंधित विभाग आपसी समन्वय के साथ कार्य करें तथा इस संबंध में कार्ययोजना तैयार कर उसका प्रभावी क्रियान्वयन सुनिश्चित करें।

 

बैठक में राज्य के खेल मैदानों में महिला खिलाड़ियों के लिए उपलब्ध मूलभूत सुविधाओं की वर्तमान स्थिति, आवश्यक सुधारों और भविष्य की योजनाओं पर विस्तृत चर्चा की गई।

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