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अब मराठी में सीखें एआई टूल्स, कोर्सिट पर मिलेंगे करीब 100 नि:शुल्क पाठ्यक्रम

अब मराठी में सीखें एआई टूल्स, कोर्सिट पर मिलेंगे करीब 100 नि:शुल्क पाठ्यक्रम

रिपोर्ट विशाल समाचार 

स्थान पुणे महाराष्ट्र 

पुणे, । आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई) और नई तकनीक सीखने के इच्छुक मराठी भाषी विद्यार्थियों एवं प्रोफेशनल्स के लिए अच्छी खबर है। रामभाऊ म्हाळगी प्रबोधिनी के अटल इनक्यूबेशन सेंटर तथा रयत शिक्षण संस्था के सेंटर फॉर इन्वेंशन, इनोवेशन एंड इनक्यूबेशन में इनक्यूबेटेड स्टार्टअप क्लिकस्किल्स एडटेक अपने डिजिटल अपस्किलिंग प्लेटफॉर्म ‘कोर्सिट’ (Korsit) के माध्यम से एआई टूल्स से जुड़े करीब 100 पाठ्यक्रम पूरी तरह नि:शुल्क उपलब्ध कराने जा रहा है।

 

कोर्सिट के संस्थापक प्रथमेश सखदेव ने पुणे में आयोजित पत्रकार परिषद में यह जानकारी दी। उन्होंने बताया कि वर्तमान में एआई से संबंधित 25 पाठ्यक्रम उपलब्ध हैं, जबकि शेष 75 पाठ्यक्रम वर्ष 2026 के अंत तक शुरू किए जाएंगे। एआई के अलावा सूचना प्रौद्योगिकी (आईटी) और डिजिटल मार्केटिंग से जुड़े पाठ्यक्रम भी प्लेटफॉर्म पर उपलब्ध होंगे। इन पाठ्यक्रमों की फीस बेहद किफायती रखी जाएगी।

 

प्रथमेश सखदेव ने कहा कि जिस भाषा में व्यक्ति सोचता है, उसी भाषा में उसे सूचना प्रौद्योगिकी और नई तकनीक सीखने का अवसर मिलना चाहिए। इसी विचार के आधार पर कोर्सिट डिजिटल प्लेटफॉर्म विकसित किया गया है। उनका कहना है कि नई तकनीक से जुड़ी दक्षताएं हासिल करने और बेहतर करियर अवसर प्राप्त करने में भाषा बाधा नहीं बननी चाहिए।

 

उन्होंने बताया कि एआई, आईटी और डिजिटल मार्केटिंग से जुड़ी अधिकांश जानकारी फिलहाल अंग्रेजी भाषा में उपलब्ध है। ऐसे में मराठी में आसानी से सीखने वाले विद्यार्थियों और नए कौशल हासिल करने वाले प्रोफेशनल्स के लिए नई तकनीक की अवधारणाओं को समझना चुनौतीपूर्ण हो सकता है। कोर्सिट के माध्यम से इसी कमी को दूर करने का प्रयास किया जा रहा है।

 

मराठी में पाठ्यक्रम उपलब्ध कराने के साथ विद्यार्थियों को मेंटर्स, ई-मेल और व्हाट्सऐप के माध्यम से सहायता भी प्रदान की जाएगी। कंपनी की भविष्य में अन्य भारतीय क्षेत्रीय भाषाओं में भी पाठ्यक्रम उपलब्ध कराने की योजना है। इससे देश के अलग-अलग हिस्सों में अपनी मातृभाषा में नई तकनीक सीखने वाले विद्यार्थियों और अन्य लोगों को लाभ मिल सकेगा।

 

प्रथमेश सखदेव मूल रूप से कराड के रहने वाले हैं। उन्होंने वीआईटी, पुणे से इलेक्ट्रॉनिक्स में इंजीनियरिंग की डिग्री और एमआईटी, पुणे से मार्केटिंग में एमबीए किया है। वर्ष 2013 से वे वेबविव्हर लैब्स नामक सॉफ्टवेयर डेवलपमेंट और डिजिटल मार्केटिंग एजेंसी चला रहे हैं।

 

वर्ष 2022 में उन्होंने क्लिकस्किल्स पहल पर काम शुरू किया और सूचना प्रौद्योगिकी से संबंधित 13 पाठ्यक्रम मराठी भाषा में उपलब्ध कराए। इन पाठ्यक्रमों का करीब 16 हजार विद्यार्थियों ने लाभ उठाया। इसी पहल को आगे बढ़ाते हुए क्लिकस्किल्स का रूपांतरण अब कोर्सिट के रूप में किया गया है।

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