साउथ अफ्रीकन टूरिज़्म ने भारत में शुरू किया ‘कॉरपोरेट थिंक टैंक’ का पांचवां संस्करण
~ हैदराबाद, चेन्नई, पुणे और कोलकाता में दिखेगा रेनबो नेशन का एमआईसीई पावर ~
पुणे : भारतीय एमआईसीई (मीटिंग्स, इंसेंटिव्स, कॉन्फ्रेंस और एग्ज़िबिशन) बाज़ार में अपनी पकड़ और मजबूत करने के लिए साउथ अफ्रीकन टूरिज़्म ने भारत में अपने प्रमुख कार्यक्रम ‘कॉरपोरेट थिंक टैंक’ के पांचवें संस्करण की घोषणा की है। यह सीरीज़ चार बड़े कारोबारी शहरों—हैदराबाद (19 सितम्बर 2025), चेन्नई (7 नवम्बर 2025), पुणे (12 दिसम्बर 2025) और कोलकाता (30 जनवरी 2026)—में आयोजित होगी। इस पहल का उद्देश्य रेनबो नेशन (दक्षिण अफ्रीका) को वैश्विक कारोबारी आयोजनों के लिए एक प्रमुख गंतव्य के रूप में स्थापित करना है। इसमें उद्योग जगत के नेताओं और कॉरपोरेट निर्णयकर्ताओं को एक मंच पर लाकर व्यापारिक संभावनाओं, बदलती यात्रा ज़रूरतों और एमआईसीई उद्योग के भविष्य पर विचार-विमर्श किया जाएगा।
कार्यक्रम का नेतृत्व सुश्री दीपिका नायर, एक्टिंग ट्रेड मैनेजर, साउथ अफ्रीकन टूरिज़्म करेंगी। यह पहल भारतीय कॉरपोरेट्स, खासकर आईटी, फार्मास्यूटिकल्स और फाइनेंशियल सर्विसेज़ क्षेत्रों से जुड़े प्रतिनिधियों को जोड़ेगी। इस बार फोकस सिर्फ पारंपरिक मेट्रो शहरों पर नहीं होगा, बल्कि चेन्नई और कोलकाता जैसे नए कारोबारी हब्स तक विस्तार किया जाएगा। कार्यक्रम में दक्षिण अफ्रीका को एक आधुनिक और अनुभव-समृद्ध डेस्टिनेशन के रूप में प्रस्तुत किया जाएगा, जहां अत्याधुनिक बिज़नेस इंफ्रास्ट्रक्चर और लीज़र अवसर दोनों मौजूद हैं। चर्चाओं का केंद्र डिजिटल ट्रांसफॉर्मेशन, सस्टेनेबिलिटी, इनोवेटिव इवेंट स्ट्रेटेजीज़, फैमिली-इनक्लूसिव ट्रिप्स, टीम-बिल्डिंग प्रोग्राम्स और ग्रीन इनिशिएटिव्स जैसे विषय होंगे।
इस पहल की अहमियत पर बोलते हुए, सुश्री दीपिका नायर ने कहा, “भारत हमारी एमआईसीई रणनीति का अहम हिस्सा है और दक्षिण अफ्रीका में आगमन के लिहाज़ से यह शीर्ष योगदानकर्ताओं में से एक है। हमें भारत में कॉरपोरेट थिंक टैंक का पांचवां संस्करण शुरू करने की खुशी है। इसके ज़रिए हम भारतीय कॉरपोरेट समुदाय से सीधे जुड़ेंगे और दक्षिण अफ्रीका की क्षमता को बिज़नेस इवेंट्स के बेहतरीन गंतव्य के रूप में प्रदर्शित करेंगे। हमारा उद्देश्य अत्याधुनिक इंफ्रास्ट्रक्चर, यादगार अनुभव और किफायती समाधान प्रदान करके रेनबो नेशन को भारतीय कॉरपोरेट्स की पहली पसंद बनाना है।”
पिछले आयोजनों की सफलता को आगे बढ़ाते हुए, 2025 का कॉरपोरेट थिंक टैंक भारत के बढ़ते कॉरपोरेट ट्रैवल परिदृश्य और दक्षिण अफ्रीका के एमआईसीई सेक्टर में उसकी बढ़ती भूमिका को रेखांकित करता है। वर्ष 2024 में भारत, दक्षिण अफ्रीका के लिए एमआईसीई यात्राओं का सबसे तेज़ी से बढ़ता स्रोत बाज़ार बना, जिसने कुल एमआईसीई आगमन में 20.2% का योगदान दिया। बिज़नेस और एमआईसीई यात्रियों ने मिलकर भारतीय आगंतुकों की लगभग आधी (49.6%) हिस्सेदारी दर्ज की, जो इस सेगमेंट के गहरे प्रभाव को दर्शाता है।
कॉरपोरेट थिंक टैंक 2025 का उद्देश्य इस गति को और आगे बढ़ाना है, ताकि भारत से दक्षिण अफ्रीका आने वाले एमआईसीई ट्रैवल में मजबूत वृद्धि हो और देश को न केवल एक बिज़नेस-रेडी डेस्टिनेशन बल्कि संस्कृति और अनुभवों से भरपूर जीवंत केंद्र के रूप में भी स्थापित किया जा सके।


