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भारत-न्यूजीलैण्ड के बीच सहयोग से शहद क्षेत्र में मिलेगा नया आयाम- उद्यान मंत्री दिनेश प्रताप सिंह 

भारत-न्यूजीलैण्ड के बीच सहयोग से शहद क्षेत्र में मिलेगा नया आयाम- उद्यान मंत्री दिनेश प्रताप सिंह 

रिपोर्ट: विशाल समाचार 

स्थान:लखनऊ, उत्तर प्रदेश 

 

भारत और न्यूजीलैण्ड के मध्य शहद उत्पादन एवं निर्यात क्षेत्र में सहयोग को और मजबूत बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण पहल की जा रही है। इसी क्रम में कृषि और प्रसंस्कृत खाद्य उत्पाद निर्यात विकास प्राधिकरण (एपीडा) तथा न्यूजीलैण्ड सरकार द्वारा संयुक्त रूप से ‘हनी एक्शन प्लान’ पर कार्य किया जा रहा है।

 

प्रदेश के उद्यान, कृषि विपणन, कृषि विदेश व्यापार एवं कृषि निर्यात राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) श्री दिनेश प्रताप सिंह से उनके आवास पर शुक्रवार को न्यूजीलैण्ड से आए प्रतिनिधिमंडल की भेंटवार्ता हुई। बैठक के दौरान मंत्री ने भारत और न्यूजीलैण्ड के मध्य शहद क्षेत्र में तकनीकी सहयोग एवं ज्ञान साझा करने के लिए राज्य सरकार की प्रतिबद्धता दोहराई।

 

उद्यान मंत्री ने निर्देश दिए कि रायबरेली में निर्माणाधीन सेंटर ऑफ एक्सीलेंस फॉर हनी के कार्य को शीघ्र पूर्ण कर उसे जल्द संचालित किया जाए। साथ ही बाराबंकी के प्रगतिशील मधुमक्खी पालक श्री निमित्त सिंह ‘मधुमक्खीवाला’ को 02 जून से 14 जून 2026 तक न्यूजीलैण्ड भेजकर आधुनिक तकनीकों एवं वैज्ञानिक मधुमक्खी पालन का प्रशिक्षण दिलाने के निर्देश भी दिए गए।

 

इस योजना के अंतर्गत न्यूजीलैण्ड उच्चायोग के पाँच सदस्यीय प्रतिनिधिमंडल ने उत्तर प्रदेश का भ्रमण कर शहद उत्पादन, प्रसंस्करण एवं निर्यात से जुड़ी व्यवस्थाओं का अवलोकन किया। प्रतिनिधिमंडल में श्री ईशान जयवर्धन, प्रमुख सलाहकार-व्यापार योजना कार्यान्वयन एवं एमपीआई टीम प्रमुख, श्री बायरन पीटर टेलर, मधुमक्खी पालन तकनीकी प्रबंधक, सुश्री मेलानी फिलिप्स, कृषि सलाहकार एनजेडएचसी, सुश्री प्रियम अरोरा तथा सुश्री सुदेशना रे शामिल रहीं।

 

तत्पश्चात उद्यान एवं खाद्य प्रसंस्करण विभाग के अपर मुख्य सचिव श्री बीएल मीणा की अध्यक्षता में उद्यान भवन स्थित डास्प सभागार में प्रतिनिधिमंडल द्वारा पावर पॉइंट प्रेजेंटेशन के माध्यम से अपने अनुभव साझा किए गए। बैठक में शहद उत्पादन की गुणवत्ता, निर्यात क्षमता, तकनीकी उन्नयन तथा अंतरराष्ट्रीय मानकों के अनुरूप उत्पादन को बढ़ावा देने पर विस्तृत चर्चा की गई। अधिकारियों ने बताया कि उत्तर प्रदेश में मधुमक्खी पालन को रोजगार एवं स्वरोजगार से जोड़ते हुए किसानों और उद्यमियों की आय बढ़ाने के लिए निरंतर प्रयास किए जा रहे हैं।

 

इस अवसर पर उद्यान विभाग के निदेशक बीपी राम, यू.पी.एस.एच.ई.बी. के नोडल अधिकारी, संयुक्त निदेशक उद्यान, एपीडा के अधिकारी, विभागीय अधिकारी एवं प्रदेश के प्रमुख शहद निर्यातक उपस्थित रहे।

 

प्रतिनिधिमंडल ने 07 मई 2026 को जनपद रायबरेली के शिवगढ़ में निर्माणाधीन ‘सेंटर ऑफ एक्सीलेंस फॉर हनी’ का निरीक्षण किया तथा जनपद बाराबंकी में प्रगतिशील मधुमक्खी पालक श्री निमित्त सिंह ‘मधुमक्खीवाला’ की इकाई का भ्रमण कर शहद उत्पादन एवं प्रसंस्करण की व्यवस्थाओं की जानकारी प्राप्त की।

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