संभावित भारी वर्षा एवं आकाशीय बिजली के दृष्टिगत जिलाधिकारी इटावा ने जनसामान्य से सतर्कता एवं सुरक्षा उपायों का पालन करने की अपील की
रिपोर्ट :विशाल समाचार
स्थान: इटावा उत्तर प्रदेश
, भारतीय मौसम विभाग द्वारा जारी नवीनतम मौसम पूर्वानुमान के अनुसार जनपद इटावा सहित पश्चिमी उत्तर प्रदेश में आगामी दिनों के दौरान गरज-चमक के साथ वर्षा तथा स्थान-स्थान पर भारी से अत्यधिक भारी वर्षा होने की संभावना व्यक्त की गई है। मौसम विभाग द्वारा जारी चेतावनी के दृष्टिगत जिला प्रशासन पूर्ण सतर्कता के साथ स्थिति पर निरंतर निगरानी बनाए हुए है।
जिलाधिकारी इटावा श्री शुभ्रान्त कुमार शुक्ल ने जनपदवासियों से अपील करते हुए कहा है कि प्रतिकूल मौसमीय परिस्थितियों में प्रत्येक नागरिक सतर्कता एवं सावधानी बरतते हुए भारतीय मौसम विभाग तथा जिला प्रशासन द्वारा समय-समय पर जारी मौसम चेतावनियों एवं परामर्शों का पूर्णतः अनुपालन सुनिश्चित करें। अनावश्यक रूप से घरों से बाहर निकलने से बचें तथा किसी भी प्रकार का जोखिम उठाने से परहेज करें।
जिलाधिकारी ने संबंधित समस्त विभागों को निर्देशित किया है कि आपदा प्रबंधन से संबंधित सभी आवश्यक व्यवस्थाएँ सुदृढ़ रखें, राहत एवं बचाव दलों को पूर्ण सक्रिय अवस्था में रखें तथा किसी भी आकस्मिक परिस्थिति में त्वरित एवं समन्वित कार्रवाई सुनिश्चित करें। सभी विभाग निरंतर समन्वय स्थापित करते हुए जनसामान्य की सुरक्षा एवं सहायता के लिए तत्पर रहें।
जनसामान्य हेतु आवश्यक सावधानियाँ (क्या करें)
✔ मौसम विभाग एवं जिला प्रशासन द्वारा जारी मौसम संबंधी चेतावनियों एवं परामर्शों की नियमित जानकारी प्राप्त करते रहें।
✔ अत्यंत आवश्यक होने पर ही घर से बाहर निकलें।
✔ गरज-चमक एवं आकाशीय बिजली के दौरान सुरक्षित भवन अथवा पक्के आश्रय स्थल में रहें।
✔ जलभराव वाले क्षेत्रों, नदी, नालों, पुल-पुलियों एवं तेज बहाव वाले स्थानों से सुरक्षित दूरी बनाए रखें।
✔ वाहन चलाते समय विशेष सावधानी बरतें तथा निर्धारित गति सीमा का पालन करें।
✔ घरों की छतों एवं जल निकासी की व्यवस्था सुचारु रखें।
✔ आवश्यक औषधियाँ, पेयजल, टॉर्च, मोबाइल फोन तथा अन्य आवश्यक सामग्री उपलब्ध रखें।
✔ बच्चों, वरिष्ठ नागरिकों, दिव्यांगजनों एवं गर्भवती महिलाओं का विशेष ध्यान रखें।
✔ पशुओं को सुरक्षित एवं ऊँचे स्थानों पर रखें।
✔ किसी भी आपदा अथवा आपात स्थिति की सूचना तत्काल जिला प्रशासन को दें।
इन कार्यों से बचें (क्या न करें)
✘ जलमग्न अथवा जलभराव वाले मार्गों से पैदल या वाहन द्वारा आवागमन न करें।
✘ तेज बहाव वाले पानी, नदी, नाले अथवा पुल-पुलियों को पार करने का प्रयास न करें।
✘ गरज-चमक के समय खुले मैदान, ऊँचे वृक्षों, विद्युत खम्भों अथवा धातु की संरचनाओं के समीप न ठहरें।
✘ टूटे अथवा झुके हुए विद्युत तारों को स्पर्श न करें तथा तत्काल विद्युत विभाग को सूचित करें।
✘ नदी, तालाब एवं नहरों के किनारे अनावश्यक रूप से एकत्रित न हों।
✘ सोशल मीडिया पर अपुष्ट अथवा भ्रामक सूचनाओं का प्रसार न करें तथा अफवाहों पर विश्वास न करें।
✘ प्रतिकूल मौसम में अनावश्यक यात्रा, सेल्फी अथवा वीडियो बनाने हेतु जोखिम न उठाएँ।
✘ बच्चों को बिना निगरानी के जलभराव अथवा जोखिम वाले क्षेत्रों में न जाने दें।
जिलाधिकारी की अपील
जिलाधिकारी श्री शुभ्रान्त कुमार शुक्ल ने कहा कि—
“जनपदवासियों की सुरक्षा जिला प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है। सभी नागरिकों से अपेक्षा है कि वे मौसम संबंधी समस्त चेतावनियों एवं सुरक्षा निर्देशों का गंभीरतापूर्वक पालन करें, अफवाहों से बचें तथा किसी भी प्रकार की आपात स्थिति में तत्काल प्रशासन को सूचित करें। प्रशासन द्वारा सभी आवश्यक व्यवस्थाएँ सुनिश्चित कर दी गई हैं तथा संबंधित विभाग 24×7 सतर्क एवं सक्रिय हैं। आपकी सतर्कता एवं सहयोग से संभावित आपदा के प्रभाव को प्रभावी ढंग से कम किया जा सकता है।”
आपातकालीन सहायता हेतु संपर्क करें
किसी भी प्रकार की प्राकृतिक आपदा, दुर्घटना, जलभराव, पेड़ गिरने, विद्युत दुर्घटना अथवा अन्य आपात स्थिति की सूचना तत्काल जिला आपदा नियंत्रण कक्ष, इटावा को दें।
दूरभाष : 05688-250077, 05688-297204
टोल फ्री हेल्पलाइन : 1070 एवं 1077
जिला प्रशासन द्वारा चौबीसों घंटे सहायता एवं समन्वय की व्यवस्था सुनिश्चित की गई है। किसी भी आपात स्थिति में उपर्युक्त हेल्पलाइन पर तत्काल संपर्क कर आवश्यक सहायता प्राप्त करें।
— जनहित में जारी —
जिला आपदा प्रबंधन प्राधिकरण (DDMA), इटावा

