
आश्रम की चार मंजिला इमारत से कूदे 25 वर्षीय शिष्य की मौत
कमरे में खून से सना ग्राइंडर मिलने से जांच उलझी, निजी अंग कटने की स्थिति की भी पुलिस कर रही पड़ताल
रिपोर्ट विशाल समाचार
स्थान वृंदावन आगरा
वृंदावन। वृंदावन में प्रेमानंद महाराज से दीक्षित 25 वर्षीय युवा साधु दीपक उर्फ रसिक दुलारी शरण की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत का मामला सामने आया है। शुक्रवार सुबह वाराहघाट क्षेत्र स्थित गुरु कृपा कुंज आश्रम की चार मंजिला इमारत से दीपक के कूदने की बात सामने आई। गंभीर हालत में उन्हें निजी अस्पताल ले जाया गया, जहां उपचार के दौरान उनकी मौत हो गई।
घटना की सूचना मिलने के बाद पुलिस मौके पर पहुंची और जांच शुरू की। पुलिस को दीपक के कमरे से खून से सना ग्राइंडर मिला। साथ ही उनके निजी अंग पर गंभीर चोट की स्थिति सामने आई। इस कारण पुलिस इस पहलू की भी जांच कर रही है कि यह चोट स्वयं पहुंचाई गई थी या इसमें किसी अन्य व्यक्ति की भूमिका थी। फिलहाल पुलिस ने इस संबंध में कोई अंतिम निष्कर्ष नहीं दिया है।
सीसीटीवी फुटेज खंगाल रही पुलिस
पुलिस के अनुसार, आश्रम की ऊपरी मंजिल से दीपक के कूदने की घटना सीसीटीवी फुटेज में दिखाई देने की बात सामने आई है। हालांकि उन्होंने ऐसा कदम क्यों उठाया, इसे लेकर अभी स्थिति स्पष्ट नहीं है। पुलिस आश्रम और आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाल रही है।
दो साल पहले जबलपुर से आए थे वृंदावन
परिजनों के अनुसार, दीपक पटेल मूल रूप से जबलपुर के रहने वाले थे। धार्मिक रुचि के चलते वह करीब दो वर्ष पहले वृंदावन आए थे। बाद में उन्होंने प्रेमानंद महाराज से दीक्षा ली और उनका नाम रसिक दुलारी शरण हो गया। परिजनों के मुताबिक, वृंदावन आने से पहले उन्होंने नर्मदा परिक्रमा भी की थी।
परिवार से कम हो पाती थी बातचीत
दीपक के भाई मनीष पटेल के अनुसार, परिवार में उनके माता-पिता के अलावा दो बेटे और एक बेटी हैं। दीपक ने कॉलेज तक पढ़ाई की थी और पढ़ाई में अच्छे थे। धार्मिक जीवन अपनाने के बाद वृंदावन में रहने के कारण परिवार से उनकी बातचीत कम हो गई थी। परिजनों के अनुसार, परिवार के लोग जब उनसे मिलने आते थे तो मुलाकात भी सीमित समय के लिए हो पाती थी।
मोबाइल और डायरी कब्जे में
पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। फॉरेंसिक टीम ने मौके से आवश्यक साक्ष्य जुटाए हैं। पुलिस ने दीपक का मोबाइल फोन और डायरी भी कब्जे में ली है। इनके जरिए घटना से जुड़े तथ्यों की पड़ताल की जा रही है।
कोतवाली प्रभारी अश्विनी कुमार के अनुसार, आश्रम और आसपास के सीसीटीवी फुटेज की जांच की जा रही है। सीओ संदीप सिंह ने बताया कि अस्पताल से सूचना मिलने के बाद पुलिस मौके पर पहुंची और जांच शुरू की। पुलिस मौत के कारणों के साथ-साथ निजी अंग पर चोट लगने की परिस्थितियों की भी जांच कर रही है।
कानूनी सावधानी: इस मामले में पुलिस जांच जारी है। उपलब्ध जानकारी के आधार पर किसी व्यक्ति को दोषी नहीं ठहराया जा सकता। निजी अंग पर चोट और कमरे में मिले ग्राइंडर की परिस्थितियों सहित घटना की वास्तविक वजह पोस्टमार्टम, फॉरेंसिक जांच और पुलिस जांच के निष्कर्ष के बाद ही स्पष्ट हो सकेगी।



