
ग्रामीण भारत में ऑफलाइन रिटेल फिर हुआ मजबूत, 67% ग्राहकों ने माना इन-स्टोर शॉपिंग और लोकल सुपरमार्केट को पहली पसंद; सर्वे
पुणे: भारत का ई-कॉमर्स सेक्टर अभूतपूर्व गति से आगे बढ़ रहा है। एक अध्ययन के अनुसार, भारतीय ई-कॉमर्स बाजार 2030 तक 345 अरब डॉलर और 2035 तक 550 अरब डॉलर तक पहुंचने की संभावना है। यह तेज़ वृद्धि डिजिटलाइजेशन, स्मार्टफोन की बढ़ती पहुंच और बदलती उपभोक्ता आदतों से प्रेरित है। इसके बावजूद, अनुमान बताते हैं कि 2024 में मॉल वैकेंसी रेट घटकर 8.1% रह गया है, जो ब्रिक-एंड-मॉर्टर (भौतिक) रिटेल की मज़बूत वापसी को दर्शाता है। यह रुझान बताता है कि भौतिक स्टोर्स आज भी रिटेल इकोसिस्टम में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे हैं—ऐसे अनुभव और सामुदायिक जुड़ाव प्रदान करते हुए, जिन्हें ऑनलाइन प्लेटफॉर्म अभी पूरी तरह दोहरा नहीं पाए हैं।
भारत की सबसे बड़ी ग्रामीण रिटेल चेन स्टार लोकलमार्ट द्वारा किए गए सर्वे से सामने आया है कि ऑफलाइन शॉपिंग आज भी ग्रामीण उपभोक्ताओं की पहली पसंद बनी हुई है। कोल्हापुर, मुंबई, पुणे, कर्नाटक और दिल्ली सहित पाँच शहरों के 5,000 उपभोक्ताओं पर किए गए इस सर्वे में पाया गया कि 67% उपभोक्ता अपने स्थानीय रिटेल सुपरमार्केट से खरीदारी करना पसंद करते हैं, जबकि केवल 35% ही पूरी तरह ऑनलाइन प्लेटफॉर्म पर निर्भर हैं।
यह निष्कर्ष ऐसे समय में सामने आया है, जब डिजिटल कॉमर्स को अक्सर रिटेल का भविष्य बताया जाता है। हालांकि, स्टार लोकलमार्ट के सर्वे से स्पष्ट होता है कि ग्रामीण उपभोक्ता आज भी उस ठोस, भरोसेमंद अनुभव को महत्व देते हैं, जो केवल सुपरमार्केट या फिजिकल स्टोर ही प्रदान कर सकते हैं। सर्वे के अनुसार, 60% उपभोक्ताओं का कहना है कि वे उत्पाद को प्रत्यक्ष देखकर उसकी गुणवत्ता पर अधिक भरोसा कर पाते हैं और उन्हें तुरंत उत्पाद उपलब्ध हो जाना पसंद है—जो वर्तमान ई-कॉमर्स मॉडल की एक बड़ी कमी है। इसके अलावा, 61% उत्तरदाताओं ने व्यक्तिगत सेवा और स्टाफ की सहायता को सुपरमार्केट चुनने का प्रमुख कारण बताया।
ऑनलाइन शॉपिंग को लेकर चिंताएं भी बनी हुई हैं—54% उपभोक्ताओं ने डिलीवरी में देरी, उत्पाद क्षति और जटिल रिटर्न प्रक्रियाओं जैसी समस्याओं का अनुभव किया है, जिससे डिजिटल खरीदारी के प्रति संदेह और बढ़ता है। स्थानीय सुपरमार्केट की भूमिका केवल खरीदारी तक सीमित नहीं है। 59% उपभोक्ताओं का मानना है कि ये स्टोर्स स्थानीय रोजगार को समर्थन देते हैं, सामाजिक जुड़ाव को मजबूत करते हैं और ताज़ा व भरोसेमंद आपूर्ति सुनिश्चित करते हैं—जो ग्रामीण समुदायों के लिए बेहद आवश्यक है।
ई-कॉमर्स अनुभव में अब भी कई खामियां हैं, जैसे उत्पाद गुणवत्ता को लेकर अनिश्चितता, डिलीवरी संबंधी समस्याएं, व्यक्तिगत सहायता की कमी और सीमित इंटरनेट एक्सेस जैसी तकनीकी बाधाएं। भले ही ऑनलाइन शॉपिंग घर बैठे सुविधा और व्यापक विकल्प देती हो, लेकिन ग्रामीण उपभोक्ताओं के लिए भरोसा, त्वरित उपलब्धता और सामुदायिक जुड़ाव अधिक मायने रखते हैं।
स्टार लोकलमार्ट का यह सर्वे दर्शाता है कि सुपरमार्केट केवल रिटेल केंद्र नहीं, बल्कि ग्रामीण अर्थव्यवस्था और सामाजिक जीवन के आधार स्तंभ हैं।
श्रेणिक घोडावत, मैनेजिंग डायरेक्टर, संजय घोडावत ग्रुप, ने कहा, “यह सर्वे साबित करता है कि ग्रामीण भारत में रिटेल सुपरमार्केट का मानवीय जुड़ाव, भरोसा और विश्वसनीयता अब भी कायम है। ई-कॉमर्स भले ही तेज़ी से बढ़ रहा हो, लेकिन वह अभी उन अहम जरूरतों को पूरा नहीं कर पाया है, जो हमारे समुदायों के लिए सबसे ज़रूरी हैं। हमारे स्टोर्स केवल खरीदारी के स्थान नहीं, बल्कि परम्पराओं और सामाजिकता के केंद्र बिंदु होने के साथी ही स्थानीय आजीविका को बढ़ावा देते हैं । जैसे-जैसे हम आगे बढ़ेंगे, हमारी प्रतिबद्धता है कि हम इनोवेशन को परंपरा के साथ मिलाएं, ताकि ग्रामीण खरीदारों को आधुनिक रिटेल की सुविधा और पर्सनल सर्विस की गर्माहट दोनों मिल सकें।”
जब ग्रामीण उपभोक्ताओं से पूछा गया कि सुपरमार्केट उनकी ज़रूरतों को और बेहतर कैसे पूरा कर सकते हैं, तो प्रमुख सुझावों में स्थानीय उत्पादों की अधिक उपलब्धता, बेहतर इन-स्टोर सेवाएं और अधिक लचीले भुगतान विकल्प शामिल थे। ये इनसाइट्स ऑफलाइन रिटेल सेक्टर में निरंतर नवाचार और उपभोक्ता-केंद्रित दृष्टिकोण की स्पष्ट मांग को दर्शाते हैं।
इसके अलावा, 58% से अधिक उत्तरदाताओं ने कहा कि वे अपने मित्रों और परिवार को ऑनलाइन प्लेटफॉर्म के बजाय रिटेल सुपरमार्केट से खरीदारी की सक्रिय रूप से सिफारिश करेंगे। इसके पीछे कारण हैं—बेहतर वैल्यू फॉर मनी, अधिक संतुष्टि और सामाजिक जुड़ाव की मजबूत भावना।
जैसे-जैसे भारत का रिटेल परिदृश्य बदल रहा है, स्टार लोकलमार्ट ग्रामीण समुदायों के लिए एक भरोसेमंद भागीदार बने रहने की अपनी प्रतिबद्धता दोहराता है, ताकि उपभोक्ताओं को आधुनिक रिटेल की सुविधा के साथ-साथ इन-स्टोर अनुभव के स्थायी लाभ भी मिलते रहें।
स्टार लोकलमार्ट के बारे में: स्टार लोकलमार्ट, संजय घोडावत ग्रुप (SGG) की रिटेल इकाई है, जिसने 2020 में “छोटे शहरों तक आधुनिक रिटेल अनुभव” पहुंचाने के उद्देश्य से अपनी शुरुआत की। यह 1300–2000 वर्ग फुट के कॉम्पैक्ट फॉर्मेट में 3000+ SKUs के साथ मल्टी-ब्रांड नेबरहुड ग्रॉसरी स्टोर्स की श्रृंखला बनाकर रिटेल परिदृश्य में क्रांति ला रहा है। वर्तमान में महाराष्ट्र और कर्नाटक में 170 से अधिक स्टोर्स संचालित हैं। समूह का लक्ष्य अगले 5 वर्षों में 3000 स्टोर्स खोलकर भारत की सबसे बड़ी ग्रामीण रिटेल चेन बनना है।
वेबसाइट: www.starlocalmart.com
संजय घोडावत ग्रुप के बारे में:संजय घोडावत ग्रुप (SGG) एक विविधीकृत समूह है, जिसकी गतिविधियां एविएशन, कंज़्यूमर प्रोडक्ट्स, एजुकेशन, एनर्जी, रियल्टी और रिटेल जैसे कई उच्च-मूल्य व्यवसाय क्षेत्रों में फैली हुई हैं। 1993 में स्थापित इस समूह ने अपने संस्थापक एवं चेयरमैन श्री संजय घोडावत के नेतृत्व में उल्लेखनीय वृद्धि दर्ज की है। समूह के पास वैश्विक स्तर पर लाखों ग्राहक, 11,000 से अधिक कर्मचारी और 21,000 से अधिक छात्रों का आधार है। SGG अपने उच्च गुणवत्ता वाले उत्पादों और सेवाओं के माध्यम से लोगों के जीवन में सकारात्मक बदलाव लाने के लिए
निरंतर अग्रसर है।
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