
महिला दिवस पर मुस्लिम महिलाओं के लिए इफ्तार पार्टी का आयोजन
विविधता में एकता ही भारत की पहचान: उपमहापौर परशुराम वाडेकर
रिपोर्ट :विशाल समाचार
स्थान:पुणे महाराष्ट्र
पुणे:भारत विविधताओं से भरा देश है और विविधता में एकता ही इसकी सबसे बड़ी पहचान है। समाज के सभी वर्गों को एक-दूसरे के सुख-दुख और त्योहारों में सहभागी होकर सौहार्द के साथ रहना चाहिए। यह विचार पुणे के उपमहापौर परशुराम वाडेकर ने व्यक्त किए।
वे विश्वभूषण डॉ. बाबासाहेब आंबेडकर सांस्कृतिक महोत्सव समिति की ओर से अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस के अवसर पर खास मुस्लिम महिलाओं के लिए आयोजित इफ्तार पार्टी कार्यक्रम में बोल रहे थे।
इस अवसर पर पूर्व उपमहापौर सुनीता वाडेकर, आरपीआई शिवाजीनगर विधानसभा अध्यक्ष अविनाश कदम, एडवोकेट ज्ञानेश्वर जाविर, शहाबुद्दीन काज़ी, सादिक शेख, मुजीब बुखारी, जुबेर पीरजादे, समीर मणियार, फारुख शेख, अली अब्बास कादरी और इब्राहिम सैयद सहित कई गणमान्य लोग उपस्थित थे।

उपमहापौर वाडेकर ने कहा कि भारत में हिंदू, मुस्लिम, पिछड़ा वर्ग और आदिवासी सहित विभिन्न धर्मों और समुदायों के लोग आपसी भाईचारे के साथ रहते हैं। भारतीय संविधान ने सभी नागरिकों को समान अधिकार और दर्जा दिया है। भारतीय समाज मानवता और शांति में विश्वास रखने वाला समाज है, इसलिए सभी को मिल-जुलकर सौहार्दपूर्ण जीवन जीना चाहिए।
उन्होंने कहा कि रमजान का महीना पवित्र माना जाता है, लेकिन इसी दौरान दुनिया के कई हिस्सों में युद्ध की स्थिति बनना बेहद दुर्भाग्यपूर्ण है। किसी भी प्रकार की हिंसा का समर्थन नहीं किया जा सकता।
हर महीने काम का लेखा-जोखा जनता के सामने रखा जाएगा
वाडेकर ने कहा कि वे आंबेडकरी आंदोलन से निकलकर राजनीति में आए हैं और समाज की बुराइयों के खिलाफ संघर्ष करते हुए जनता के मुद्दों को उठाते रहे हैं। उपमहापौर के रूप में वे शहर के सभी नागरिकों का जीवन आसान और संतोषजनक बनाने के लिए प्रयास करेंगे। उन्होंने अल्पसंख्यक समाज के विकास के लिए विशेष प्रयास करने की बात भी कही।

साथ ही उन्होंने घोषणा की कि वे हर महीने अपने द्वारा किए गए कार्यों का लेखा-जोखा जनता के सामने प्रस्तुत करेंगे।



