
आलंदी को ‘टेंपल टाउन डेवलपमेंट’ योजना में शामिल किया जाए
राज्यसभा सांसद प्रा. डॉ. मेधा कुलकर्णी की केंद्र सरकार से मांग
रिपोर्ट: विशाल समाचार
स्थान;पुणे महाराष्ट्र
पुणे : लाखों वारकरियों की आस्था का केंद्र माने जाने वाले पवित्र तीर्थक्षेत्र आलंदी शहर को केंद्र सरकार की ‘टेंपल टाउन डेवलपमेंट’ योजना में शामिल किया जाए, ऐसी मांग राज्यसभा सांसद प्रा. डॉ. मेधा कुलकर्णी ने गुरुवार को राज्यसभा में उठाई। लक्षवेधी के माध्यम से उन्होंने कहा कि संत परंपरा के महत्वपूर्ण केंद्र रहे आलंदी के धार्मिक, सांस्कृतिक और ऐतिहासिक महत्व को देखते हुए इसके समग्र विकास के लिए केंद्र सरकार को विशेष कदम उठाने चाहिए।
उन्होंने बताया कि संतश्रेष्ठ ज्ञानेश्वर महाराज की संजीवन समाधि का स्थान होने के कारण आलंदी देशभर के श्रद्धालुओं के लिए अत्यंत पवित्र माना जाता है। हर वर्ष आषाढ़ी और कार्तिकी वारी के दौरान लाखों वारकरी और श्रद्धालु आलंदी पहुंचते हैं। इस दौरान शहर में सड़कों, यातायात व्यवस्था, स्वच्छता, पीने के पानी, पार्किंग और अन्य सार्वजनिक सुविधाओं पर काफी दबाव बढ़ जाता है। इसलिए शहर के योजनाबद्ध विकास की आवश्यकता महसूस की जा रही है।
कुलकर्णी ने कहा कि केंद्र सरकार ने हाल के बजट में मंदिरों वाले शहरों और टियर-2 शहरों की आधारभूत सुविधाओं को मजबूत करने पर विशेष जोर दिया है। यदि आलंदी को इस योजना में शामिल किया जाता है, तो श्रद्धालुओं के लिए आधुनिक सुविधाएं, स्वच्छता प्रबंधन, सीवेज और ठोस कचरा प्रबंधन, नदी किनारे का विकास, बाढ़ नियंत्रण, सार्वजनिक परिवहन व्यवस्था, पार्किंग, सड़क संपर्क और विरासत संरक्षण जैसे कई विकास कार्यों को गति मिल सकती है।
उन्होंने यह भी बताया कि आलंदी की पहचान इंद्रायणी नदी से जुड़ी हुई है। नदी के प्रदूषण नियंत्रण, पुनरुद्धार और नदी तट के स्थायी विकास के लिए एकीकृत योजना बनाना जरूरी है। ‘टेंपल टाउन’ का दर्जा मिलने से नदी संरक्षण और शहर विकास दोनों को साथ लेकर योजनाबद्ध तरीके से काम किया जा सकेगा।
कुलकर्णी ने कहा कि यदि आलंदी को ‘टेंपल टाउन डेवलपमेंट’ योजना में शामिल किया जाता है, तो शहर के आध्यात्मिक और सांस्कृतिक विरासत को सुरक्षित रखते हुए आधुनिक आधारभूत सुविधाओं का विकास संभव होगा। इससे देशभर से आने वाले श्रद्धालुओं को बेहतर और सुविधाजनक अनुभव मिलेगा, साथ ही स्थानीय नागरिकों के जीवन स्तर में भी सुधार होगा।



