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कैंसर से लड़ें, आर्थिक तंगी से नहीं: जानिए कैसे सुरक्षित रखें अपनी आमदनी

कैंसर से लड़ें, आर्थिक तंगी से नहीं: जानिए कैसे सुरक्षित रखें अपनी आमदनी

रिपोर्ट: विशाल समाचार 

स्थान:मुंबई महाराष्ट्र 

मुंबई, : कैंसर सिर्फ इंसान की सेहत पर ही असर नहीं डालता, बल्कि यह उसके काम-काज को रोक देता है, घर की आमदनी कम कर देता है और पूरे परिवार पर आर्थिक दबाव बढ़ा देता है। आम स्वास्थ्य बीमा सिर्फ अस्पताल के बिलों का खर्च उठाते हैं। लेकिन इलाज के दौरान परिवारों के सामने होम लोन की किश्तें, घर का किराया, बच्चों की स्कूल फीस और बिजली-पानी जैसे रोज़मर्रा के कई खर्च बने रहते हैं। पारंपरिक कैंसर बीमा में आमतौर पर एक बार में एकमुश्त रकम मिल जाती है, जो इन लगातार होने वाले खर्चों को पूरी तरह कवर नहीं कर पाती। टाटा एआईए लाइफ इन्शुरन्स का नया ‘सम्पूर्ण केयर – कैंसर’ इसी कमी को दूर करता है। यह कैंसर के इलाज का खर्च उठाने के साथ-साथ परिवार को नियमित आमदनी का सहारा भी देता है।

नियमित आमदनी का सहारा क्यों है जरूरी?

कैंसर का इलाज अक्सर एक बार में खत्म नहीं होता। इसमें लंबे समय तक दवाइयाँ चलती हैं, बार-बार अस्पताल जाना पड़ता है और मरीज को महीनों तक काम से दूर रहना पड़ सकता है। रिसर्च बताती है कि कैंसर से जूझ रहे परिवारों का अस्पताल का खर्च बहुत ज्यादा बढ़ जाता है। इस खर्च को उठाने के लिए कई बार उन्हें कर्ज लेना पड़ता है या अपनी संपत्ति तक बेचनी पड़ती है। इतना ही नहीं, मरीज की देखभाल करने वाले घर के दूसरे सदस्यों को भी अक्सर अपना काम कम करना पड़ता है या पूरी तरह छोड़ना पड़ता है। ऐसे में परिवारों के सामने एक साथ दो बड़ी चुनौतियाँ आ खड़ी होती हैं—एक तरफ इलाज का बढ़ता खर्च और दूसरी तरफ घटती आमदनी। भले ही एकमुश्त मिलने वाली रकम से तुरंत के मेडिकल खर्चों में मदद मिल जाए, लेकिन पूरी तरह ठीक होने के लिए महीनों या सालों तक लगातार मिलने वाले आर्थिक सहारे की जरूरत होती है।

टाटा एआईए सम्पूर्ण केयर – कैंसर के फायदे

 

सम्पूर्ण केयर – कैंसर पॉलिसीधारकों को एक से पांच साल तक नियमित आमदनी के रूप में क्लेम का फायदा लेने की सुविधा देता है। पॉलिसीधारक क्लेम की रकम पाने के लिए नीचे दिए गए विकल्पों में से चुन सकते हैं:

एकमुश्त रकम (लम्प-सम पेआउट)

नियमित आमदनी (रेगुलर इनकम)

एकमुश्त रकम और नियमित आमदनी दोनों का तालमेल

यह सुविधा परिवारों को उनकी असली आर्थिक जरूरतों के हिसाब से क्लेम का इस्तेमाल करने की आज़ादी देती है। वे एकमुश्त रकम का इस्तेमाल इलाज के खर्च के लिए कर सकते हैं, जबकि नियमित आमदनी से रिकवरी के दौरान घर के बाकी खर्चों को आसानी से संभाल सकते हैं।

 

कैंसर के अलग-अलग चरणों में सुरक्षा

 

यह प्लान कैंसर के शुरुआती (माइनर) और गंभीर (मेजर), दोनों ही चरणों में आर्थिक सुरक्षा देता है। कैंसर के शुरुआती स्टेज (जिसमें अर्ली-स्टेज और कार्सिनोमा इन सीटू शामिल हैं) का पता चलने पर, पॉलिसीधारकों को कुल बीमा राशि का 25% या ₹10 लाख तक मिल सकता है। सबसे ज़रूरी बात यह है कि शुरुआती स्टेज का क्लेम लेने पर भी भविष्य में गंभीर स्टेज के लिए मिलने वाले फायदों में कोई कटौती नहीं होती। इससे बीमारी बढ़ने की स्थिति में भी बड़ी सुरक्षा सुरक्षित रहती है। वहीं, गंभीर चरण का पता चलने पर पॉलिसीधारकों को कुल बीमा राशि का

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