
मेरी आवाज ही मेरी पहचान
सरसमाजनी भारत रत्न लता मंगेशकर का राजकीय अंतिम संस्कार
(मुंबई बाबू सिंह तोमर प्रतिनिधि)
मुंबई महाराष्ट्र: नाम गुम जाएगा, चेहरा यह बदल जाएगा, मेरी आवाज ही पहचान ही रहेगी
गर याद रहे वक्त सितम,कम हसी नही आज है, यहां कल कही नहीं , वक्त से परे है अगर,मिल गये कहीं,मेरी आवाज ही पहचान है..
इस संगीतमय धूप के मधुर वातावरण में स्वरसमाजनी भारत रत्न लता मंगेशकर को अंतिम विदाई दी गई. जवानों ने सलामी बंदूक से सलामी और मानवंदना सलामी दी.

इस मौके पर राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद की ओर से जवानों ने माल्यार्पण किया. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, राज्यपाल भगत सिंह कोश्यारी, मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे, रश्मि ठाकरे, वरिष्ठ नेता शरद पवार, गोवा के मुख्यमंत्री प्रमोद सावंत, राज्य के उप मुख्यमंत्री अजीत पवार, केंद्रीय उद्योग और वाणिज्य मंत्री पीयूष गोयल, उद्योग राज्य मंत्री सुभाष देसाई, खाद्य नागरिक आपूर्ति और उपभोक्ता संरक्षण मंत्री छगन भुजबल, गृह मंत्री दिलीप वळसे-पाटिल, पर्यावरण मंत्री आदित्य ठाकरे, विपक्ष के नेता देवेंद्र फडणवीस, सांसद सुप्रिया सुळे, सांसद अनिल देसाई, मनसे अध्यक्ष राज ठाकरे, विधायक सुनील प्रभु, मुंबई की मेयर किशोरी पेडणेकर, मिलिंद नार्वेकर, नगर आयुक्त इकबाल सिंह-चहल, लता मंगेशकर का परिवार, वरिष्ठ संगीतकार हृदयनाथ मंगेशकर, वरिष्ठ गायिका आशा भोसले, उषा मंगेशकर, भारत रत्न सचिन तेंदुलकर, लेखक-गीतकार जावेद अख्तर, गायिका अनुराधा पौडवाल, अभिनेता शाहरुख खान, आमिर खान , रणबीर कपूर, गायक शंकर महादेवन, फिल्म क्षेत्र के गणमान्य व्यक्तियों,ने भारत रत्न लता मंगेशकर के असंख्य प्रशंसकों, फिल्म उद्योग के कई दिग्गजों ने श्रद्धांजलि दी।

स्वर्गमजनी भारत रत्न लता मंगेशकर को एक स्थलीय तिरंगे में लपेटा गया था।

फूलों से सजे वाहन में उनका अंतिम संस्कार प्रभुकुंज स्थित उनके आवास से दादर के छत्रपति शिवाजी महाराज मैदान तक ले जाया गया। वह इस अंतिम संस्कार के बहुत करीब थे। भारत रत्न लता मंगेशकर के कई चाहने वाले मौजूद रहे, लता को अलविदा कहते हुए कई की आंखों में आंसू आ गए.



