
बिहार के सीतामढ़ी में एक उतर प्रदेश के मजदूर को निर्मम हत्त्या करके चिमनी मालिक और मुंशी ने सुखी नदी में गाड़ दिया था|
विकेश कुमार पुर्वे सीतामढ़ी संवाददाता
सीतामढी जिला के सहियारा थाना अंतर्गत “सोमो ईंट भट्ठा पर काम करने वाले रायबरेली, उ०प्र०, के मजदुर जितेन्द्र कुमार की माँ द्वारा अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी, सदर, सीतामढ़ी से मिलकर जानकारी दी गई थी कि उनका लड़का दिनांक-31.03.2025 की रात्रि से गायब है जिसके बारे में चिमनी मालिक द्वारा उसे कही भाग जाने की बात बताई जा रही है। अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी, सदर, सीतामढ़ी के द्वारा मामले का त्वरित संज्ञान लिया गया तथा मजदूर की माँ के आवेदन के आधार पर चिमनी मालिक सहित कुल चार नामजद लोगों के विरूद्ध दिनांक 18.04.2025 को प्राथमिकी दर्ज कराई गई। मामले की छानबीन हेतु पुलिस अधीक्षक, सीतामढ़ी के निर्देशानुसार अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी, सदर के नेतृत्व में जिला आसूचना ईकाई एवं सहियारा थाना पुलिस को सम्मिलित करते हुए विशेष पुलिस टीम का गठन किया गया। छानबीन में इस बात की पुष्टि हुई कि दिनांक-31.03.2025 की रात्रि में चिमनी मालिक एवं मुंशी के द्वारा उक्त मजदूर के साथ मारपीट कर हत्या कर दिया गया तथा शव को कहीं गायब कर दिया गया है। विशेष पुलिस टीम द्वारा मानवीय एवं तकनिकी साक्ष्यों के आधार पर लगातार आरोपियों के ठिकानों पर छापामरी की गई जिसके बाद सभी आरोपी नेपाल देश में शरण ले लिये। तत्पश्चात् नेपाल देश की पुलिस से समन्वय स्थापित कर छापामारी किया गया। पुलिस दबिस के कारण घटना के दो आरोपी चिमनी मालिक विजय सिंह एवं -जे०सी०बी चालक राजीव कुमार के द्वारा दिनांक-23.04.2025 को माननीय न्यायालय में आत्मसमर्पण कर दिया गया। दोनों आरोपियो को पुलिस रिमांड पर लेकर पुछताछ किया गया जिनके द्वारा उक्त मजदूर के साथ मारपीट कर हत्या करने तथा शव को बथनाहा थाना क्षेत्र के “रूपौली-रूपहारा” गाँव में सुखी पोखरी में JCB से मिट्टी काटकर दफन कर देने की बात स्वीकार की गई। तत्पश्चात् उनके निशानदेही पर दण्डाधिकारी एवं विधि-विज्ञान प्रयोगशाला की टीम की उपस्थिति में विडियों रिकॉर्डिंग करते हुए शव को मिट्टी से खोदकर निकाला गया। विधि-विज्ञान प्रयोगशाल की टीम द्वारा महत्वपूर्ण साक्ष्य संकलित किये गए है तथा शव को अन्त्य परीक्षण के लिए सदर अस्पताल भेजा गया। मृतक मजदूर के परिजनों को सूचित किया गया है।



