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महाराष्ट्र में स्मार्ट खेती को मिलेगा बड़ा “बूस्टर”

महाराष्ट्र में स्मार्ट खेती को मिलेगा बड़ा “बूस्टर”

रिपोर्ट: विशाल समाचार 

स्थान:पुणे, महाराष्ट्र 

पुणे, महाराष्ट्र के कृषि क्षेत्र के विकास को नई गति देने के लिए अमेरिका की International Development Finance Corporation (DFC) से 90 करोड़ रुपये की विदेशी निवेश (FDI) की पहली किस्त प्राप्त हुई है। यह निवेश Rural Enhancers और Nutrifresh Farms के माध्यम से नियंत्रित वातावरणीय खेती (Controlled Environment Agriculture – CEA) को बढ़ावा देने के लिए किया जा रहा है।

दावोस में आयोजित World Economic Forum के दौरान महाराष्ट्र सरकार, रूरल एन्हान्सर्स और न्यूट्रीफ्रेश फार्म्स के बीच 2500 करोड़ रुपये का सामंजस्य करार हुआ था। इस करार के तहत कुल 400 करोड़ रुपये की विदेशी निवेश प्रस्तावित थी, जिसमें से 90 करोड़ रुपये की पहली किस्त अब प्राप्त हो चुकी है।

इस परियोजना के अंतर्गत पुणे जिले के भोर और पुरंदर सहित नागपुर में अत्याधुनिक कृषि प्रकल्प स्थापित किए जाएंगे। इन प्रकल्पों के माध्यम से हाई-टेक ग्रीनहाउस, आधुनिक सिंचाई प्रणाली और तकनीक आधारित खेती को बढ़ावा दिया जाएगा। इससे उत्पादन क्षमता में वृद्धि, पानी के बेहतर उपयोग और किसानों की आय बढ़ाने में मदद मिलेगी।

रूरल एन्हान्सर्स के संस्थापक एवं सीईओ अंबर आयदे ने बताया कि वैश्विक स्तर पर अनिश्चितताओं के बावजूद महाराष्ट्र के कृषि क्षेत्र में निवेशकों का विश्वास बढ़ा है। यह निवेश राज्य को उच्च तकनीक आधारित और निर्यात-उन्मुख कृषि केंद्र के रूप में स्थापित करने में सहायक सिद्ध होगा।

वहीं, न्यूट्रीफ्रेश फार्म्स के सह-संस्थापक गणेश निकम ने कहा कि इस पूंजी निवेश से नियंत्रित वातावरणीय खेती के बुनियादी ढांचे को मजबूती मिलेगी और आधुनिक कृषि तकनीकों के उपयोग को बढ़ावा मिलेगा।

मुख्यमंत्री Devendra Fadnavis ने इस निवेश को दावोस में की गई प्रतिबद्धताओं को धरातल पर उतारने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम बताते हुए कहा कि इससे किसानों की आय बढ़ेगी और महाराष्ट्र की वैश्विक कृषि क्षेत्र में स्थिति मजबूत होगी।

यह प्रकल्प जुलाई 2026 से शुरू होने की संभावना है और इसके माध्यम से राज्य में निर्यात-केंद्रित कृषि आपूर्ति श्रृंखला को भी मजबूती मिलेगी।

🔹 मुख्य बिंदु:

DFC से 90 करोड़ रुपये की पहली विदेशी निवेश प्राप्त

कुल 2500 करोड़ रुपये के प्रकल्प का हिस्सा

पुणे (भोर, पुरंदर) और नागपुर में प्रकल्प विकसित होंगे

स्मार्ट और नियंत्रित वातावरणीय खेती पर जोर

किसानों की आय और उत्पादन क्षमता बढ़ाने पर फोकस

जुलाई 2026 से प्रकल्प शुरू होने की संभावना

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