जायद में “अतिरिक्त चारा विकास कार्यक्रम” के लिए लाभार्थियों का होगा चयन
इटावा, विशाल समाचार
मुख्य पशु चिकित्साधिकारी डॉ. धर्मेन्द्र सिंह ने बताया कि जनपद इटावा में जायद 2025-26 के अंतर्गत “अतिरिक्त चारा विकास कार्यक्रम” (रा०यो०) संचालित किए जाने हेतु जायद फसलों (जैसे ज्वार आदि) के लिए इच्छुक लाभार्थियों का चयन किया जाना है।
उन्होंने बताया कि योजना के अंतर्गत वही लाभार्थी पात्र होंगे जो कम से कम दो दुधारू पशु पालते हों तथा चारा उत्पादन के लिए इच्छुक हों। योजना में लघु एवं सीमांत कृषकों/पशुपालकों को चयन में वरीयता दी जाएगी। लाभार्थी का चयन केवल न्यूनतम 0.1 हेक्टेयर से अधिकतम 0.5 हेक्टेयर भूमि पर चारा उत्पादन के लिए किया जाएगा।
मुख्य पशु चिकित्साधिकारी ने बताया कि लाभार्थी के पास पर्याप्त सिंचाई सुविधा होना आवश्यक है ताकि चारा फसल की सिंचाई आसानी से की जा सके। इसके साथ ही चारा उत्पादन हेतु भूमि का सत्यापन खसरा-खतौनी के माध्यम से कराया जाएगा। योजना में पूर्व वर्षों में लाभान्वित लाभार्थियों को पुनः चयनित नहीं किया जाएगा।
उन्होंने इच्छुक पशुपालकों से अपील की है कि वे योजना का लाभ लेने हेतु अपने नजदीकी पशु चिकित्सालय पर संपर्क करें।


